महानगर के बन्नादेवी थाना क्षेत्र के सराय रहमान चौक स्थित एक डेयरी की आड़ में गोकशी का धंधा चल रहा था। सोमवार सुबह-सुबह इलाका पुलिस ने छापेमारी कर वहां से तीन क्विंटल गोमांश बरामद करते हुए पूर्व पार्षद के भाई सहित दो लोगों को गिरफ्तार किया है, जबकि तीन आरोपी भागने में सफल रहे।
यह लोग गायों को बीमार बताकर उनकी कट्टी के बाद गोमांस बाजार में बेचने का धंधा कर रहे थे। इस सूचना पर पूर्व मेयर व बजरंग दल के नेता भी थाने पहुंच गए। जहां उन्हें आश्वासन दिया गया कि पुलिस अपने स्तर से ही ठोस कार्रवाई कर रही है और इस मामले में रासुका के तहत कार्रवाई की जाएगी। इस आश्वासन पर भाजपाई वहां से चले आए।
इंस्पेक्टर बन्नादेवी के अनुसार सराय रहमान चौक में पूर्व पार्षद सुगफ्ता के भाई असरफ की डेयरी संचालित है। यहां डेयरी की आड़ में गोकशी की जा रही थी। इलाके के मुखबिरों के जरिये सुबह पुलिस को सूचना मिली कि वहां गाय को बीमार बताकर काटा जा रहा है। पुलिस ने 9 बजे करीब छापेमारी की तो वहां एक गाय कटी पड़ी थी और मौके पर तीन क्विंटल मांस पड़ा था।
इस दौरान वहां मौजूद गोकशों में अफरा-तफरी मच गई। पुलिस को देख वह भागने लगे। पुलिस ने डेयरी संचालक असरफ सहित उसके साथी बकार निवासी सराय रहमान को दबोच लिया, जबकि तीन आरोपी अजीम, वसीम व कासिम भागने में सफल रहे।
पुलिस मौके पर बरामद गोमांस, छुरे आदि व आरोपियों को लेकर थाने आ गई। वहां पशु चिकित्सकों की टीम बुलाकर मृत गाय का पोस्टमार्टम कराने के साथ मांस की सैंपलिंग कराई गई।
इंस्पेक्टर के अनुसार फौरी जांच में पशु चिकित्सकों ने वह मांस गाय का ही बताया और जांच के लिए सैंपल भेज दिया है। वहीं मांस व अवशेष दफन करा दिए गए। मामले में आरोपियों पर गोवध अधिनियम आदि धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। वहीं इस सूचना पर पूर्व मेयर शकुंतला भारती के अलावा बजरंग दल के महानगर संयोजक गौरव शर्मा सहित एक दर्जन से अधिक बजरंगी थाने पर पहुंच गए। उन्हें इंस्पेक्टर ने भरोसा देकर कहा कि मामले में रासुका के तहत कार्रवाई की जाएगी।
इस पर वह वापस चले आए। पूर्व मेयर स्तर से जरूर कहा गया कि ऐसे लोग लगातार सक्रिय हैं। इन पर सख्त कार्रवाई बेहद जरूरी है। इंस्पेक्टर के अनुसार मामले में सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी।
वीडियो में बच्चों से जख्मी करा रहे गोवंश को
इस कार्रवाई के दौरान पुलिस को एक वीडियो मिला है, जिसमें कैद है कि मोहल्ले के ही कुछ बच्चों को ट्रेंड कर उन्हें बाजार में घुमाया जा रहा है। वह मोहल्ले के इर्द-गिर्द घूमने वाली गायों को घेरकर मोहल्ले में लाते हैं। लाते वक्त उन्हें ब्लेड आदि से जख्मी कर देते हैं और कोई पूछता है तो बच्चे बता देते हैं कि उनकी गाय जख्मी हो गई है। अपनी डेयरी में ले जा रहे हैं, वहीं इनका इलाज होगा। डेयरी में अंदर ले जाने के बाद उनकी कट्टी के बाद मांस को बाजार में बेचा जाता है। यह बात आरोपियों ने स्वीकारी है।