इंसान की हृदयगति और ऑक्सीजन का स्तर नापने वाले पल्स ऑक्सीमीटर बिस्कुट की हार्टबीट और आक्सीजन भी बता रहे हैं। आप खुद यह प्रयोग करना चाहें तो किसी चाइनीज ऑक्सीमीटर में एक बिस्कुट फंसा दीजिए। कुछ देर में ही रीडिंग आपके सामने होगी। सोमवार को जब यह प्रयोग हुआ तो ऑक्सीमीटर की स्क्रीन पर बिस्कुट की धड़कन 65 और आक्सीजन का स्तर 81 आया।
दरअसल, चीन से आयात हो रहे अधिकांश ऑक्सीमीटर में ऑक्सीजन और हार्टबीट की रीडिंग रेंज पहले से ही फीड रहती है। इनमें ऑक्सीजन का स्तर 65 से 95 तक और हार्टबीट 65 से 110 तक बना दिया जाता है। जब कोई चीज इसमें जांच के लिए लगाई जाती है तो वह पहले से ही फीड हुई रीडिंग में से कोई एक रीडिंग स्क्रीन पर दिखाने लगता है।
कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर में मौत की सबसे बड़ी वजहों में से एक है संक्रमित व्यक्ति के शरीर में ऑक्सीजन की कमी हो जाना। इस वजह से ऑक्सीजन का स्तर चेक करते रहने के लिए ऑक्सीमीटरों की मांग बढ़ गई है। बाजारों में बिना लाइसेंस नंबर, एमआरपी, बिना किसी हॉलमार्क और बिना किसी गुणवत्ता जांच के ऑक्सीमटर बिक रहे हैं।
बाजार के जानकारों की मानें तो महामारी के दौर में चीन से माल मांगने वाले बड़े व्यापारी अपने उत्पादों की गुणवत्ता जांच कराने के लिए अधिकारियों को वहां नहीं भेज सके, जिसकी वजह से ऐसा माल भी आ गया है, जिसकी गुणवत्ता सवालों के घेरे में है।
सही ऑक्सीमीटर जांचने का तरीका
किसी भी अंगुली के नीचे वाले पोरे पर हथेली की ओर एक रबड़ बैंड लगा लें, ताकि कुछ देर के लिए रक्त प्रवाह रोका जा सके। जब रक्त प्रवाह थमने लगे तो ऑक्सीमीटर से आक्सीजन और हार्टबीट नापें। कोई रीडिंग नहीं आने का मतलब ऑक्सीमीटर सही है।
मनमानी कीमत की हो रही वसूली
कोरोना की दूसरी लहर के पीक में 350 रुपये का ऑक्सीमीटर 1500 रुपये तक में ब्लैक में बिका। अभी भी मनमाने रेट पर ऑक्सीमीटर बेचे जा रहे हैं।
किसने क्या कहा:
मैंने खुद अमर उजाला टीम के साथ ये प्रयोग किया। चाइनीज ऑक्सीमीटर में ऑक्सीजन की मात्रा और हृदयगति की एक संभावित रीडिंग पहले से ही फीड है। इसमें इंसान या बिस्कुट की ऑक्सीजन और हार्टबीट की रीडिंग सामने आ जाती है। ऐसे ऑक्सीमीटर बाजार से वापस हों।
-अनुराग गुप्ता, अध्यक्ष अलीगढ़ रिटेल कैमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन एवं मंडल महासचिव उद्योग व्यापार संगठन।
अमर उजाला टीम के साथ मैंने प्रयोग करके देखा। ऑक्सीमीटर में बिस्कुट की हृदयगति देखकर मैं अचंभित हो गया। ऐसा लगता है कि बाजार में बड़ी तादाद में ऐसे फर्जी उपकरण हैं, जिनकी गलत रीडिंग देख कर एक स्वस्थ्य व्यक्ति भी खुद को बीमार महसूस कर सकता है। ऐसे उपकरण बाजार से वापस हों।
-संजय कृष्ण गुप्ता
पल्स ऑक्सीमीटर लेने से पहले उसका मार्का, ब्रांड जरूर पता करें। इन उपकरणों को बनाने वाली कंपनियों को यूरोपियन स्टैंडर्ड का सीई मार्क और अन्य मानक लाइसेंस लेने पड़ते हैं। बाजार में मांग बढ़ने के कारण कई लोगों ने बिना गुणवत्ता चेक किए ऐसे फर्जी उपकरण मंगा लिए हैं। बेहतरीन ऑक्सीमीटर की लागत ही एक हजार रुपये तक आती है। इसलिए कंपनी का ऑक्सीमीटर 1500 से लेकर 2800 रुपये तक का हो सकता है।
-सिद्धार्थ गुप्ता, ज्वाइंट एमडी, हिक्स थर्मामीटर प्राइवेट लिमिटेड