चीन निर्मित अधिकांश पल्स ऑक्सीमीटरों की विश्वसनीयता सवालों के घेरे में है। चीन निर्मित कई ऑक्सीमीटर इंसान के साथ निर्जीव वस्तुओं में ऑक्सीजन का स्तर बताने के साथ उनकी हार्टबीट भी बता रहे हैं। अमर उजाला ने मंगलवार को इस संबंध में प्रमुखता के साथ खबर प्रकाशित की थी। मंडलायुक्त एवं जिले के नोडल अधिकारी गौरव दयाल ने इस खबर का संज्ञान लेते हुए इस संबंध में जांच कराने और कार्रवाई करने का निर्देश दिया है।
मंडलायुक्त गौरव दयाल ने कहा कि है कि चीन निर्मित ऑक्सीमीटरों में अगर कहीं कोई तकनीकी दिक्कत है तो इसकी जांच कराई जाएगी। जिला स्तर पर इसके लिए कहा जा रहा है, जिससे लोगों को सही उपकरण मिलें। कहा कि वह मंगलवार को वह कासगंज के दौरे पर हैं, लेकिन इस मामले में जानकारी कर रहे हैं।
पल्स ऑक्सीमीटर लेने वालों को भी इसका ध्यान रखना चाहिए कि वह सही जगह से सही उपकरण खरीदें। उसका सही बिल लेने का प्रयास करें। बिल नहीं देने पर दुकानदार के बारे में जानकारी करें। उन्होंने कहा कि तमाम इलेक्ट्रानिक गैजेट देश विदेश से मंगवाये जाते हैं।
जिनमें से कुछ की गुणवत्ता सवालों के घेरे में रहती है, लेकिन पल्स ऑक्सीमीटर की रीडिंग लोगों की जिंदगी से जुड़ी हुई है। इसलिए इसका संज्ञान लिया जाएगा। तथ्य सहित शिकायत मिलने पर इस संबंध में नियमानुसार जांच करा कर कार्रवाई की जाएगी। जिससे बाकी लोग इस तरह की परेशानी से बचें।