इसके बाद उत्तेजित मनीष पक्ष ने कैलाश के घर पर पथराव तेज कर दिया। परिवार बचते हुए घर में कैद हो गया तो दरवाजा तोड़कर अंदर घुसने की कोशिश की। इसी बीच खबर पर मडराक थाने के एसएसआई धर्मपाल सिंह, एसआई मुकलेश कुमार, आरक्षी अक्षय व रहीसुद्दीन पुलिस टीम के साथ पहुंचे तो पुलिस पर पथराव से ये चारों घायल हो गए।
इसमें एसएसआई धर्मपाल का सिर फट गया। इसके बाद भीड़ को अराजक होता देख सूचना प्रसारित की गई तो एसएसपी नीरज जादौन, एसपी देहात अमृृत जैन, सीओ इगलास महेश कुमार सहित आसपास के थानों का फोर्स व कई सीओ पहुंच गए। आनन फानन कार्रवाई करते हुए पुलिस ने दोनों घायलों को नजदीकी अस्पताल भेजा। वहीं, दोनों पक्षों से दर्जन भर लोग हिरासत में ले लिया। तब जाकर स्थिति काबू में आई।
इस मामले में एक प्राथमिकी कैलाश की पत्नी पिंकी की ओर से कराई गई है, जिसमें मनीष पक्ष पर मारपीट, पथराव का आरोप है। दूसरी प्राथमिकी मनीष की बेटी की ओर से दर्ज कराई गई है, जिसमें कैलाश व उसके बेटे विवेक पर फायरिंग पथराव का आरोप है। तीसरी प्राथमिकी एसएसआई धर्मपाल की ओर से कराई गई है, जिसमें दोनों पक्षों में झगड़ा, पथराव-फायरिंग, पुलिस पर पथराव व कानून व्यवस्था की स्थिति बिगड़ने का आरोप है। साथ में तनाव को देखते हुए गांव में पुलिस तैनात कर दी गई है।
गांव पड़ियावली में दो पक्षों में कूड़ा डालने पर हुए विवाद में पथराव व फायरिंग की घटना हुई। इस बीच पहुंची पुलिस पर भी पथराव कर दिया। मामले में तीन प्राथमिकी दर्ज कर दोनों पक्षों के 24 लोग जेल भेजे गए हैं। जिनमें दो फायरिंग के आरोपी हैं, जबकि बाकी पथराव मामले में आरोपी हैं। गांव में एहतियातन पुलिस बल तैनात किया गया है।- महेश कुमार, सीओ इगलास
रातभर चला दबिश अभियान, 24 को भेजा गया जेल
इस मामले में पुलिस ने मनीष की बेटी की ओर से कराई प्राथमिकी में कैलाश व उसके बेटे विवेक को गिरफ्तार कर बृहस्पतिवार को जेल भेजा गया। वहीं, पुलिस की ओर से दर्ज मामले में आरोपियों को चिह्नित कर रात भर दबिश अभियान चलाया गया। जिसमें पुलिस द्वारा कुल 22 लोग पकड़े गए। पकड़े गए सभी आरोपियों को पुलिस की ओर से दर्ज मामले में बृहस्पतिवार को जेल भेजा गया है। इनमें गांव पड़ियावली के ही महेश, दिनेश, सनी, सुभाष, विशाल कुमार, आकाश, विकास, रोहतास, राकेश, देवेन्द्र, मोहन कुमार, प्रमोद कुमार, मनीष, विनय, जैकी, धर्मेन्द्र, विट्टू, कालू उर्फ दीपक, देहली गेट नगला मेहताब से गांव में रिश्तेदारी में आए संदीप कुमार, उदित, हेमन्त कुमार व सतेन्द्र कुमार शमिल हैं। इन सभी को जेल भेजा गया है।
एक घंटे तक रही अराजकता, फिर पुलिस ने दिखाई सख्ती
इस घटना के दौरान दोपहर में होली खेलना बंद हो गया था। इसलिए सब कुछ सामान्य था। मनीष के बेटे सक्षम के कुछ दोस्त गांव में आए हुए थे। कुछ पड़ोसी परिवार के रिश्तेदार आए हुए थे। जब झगड़ा शुरू हुआ तो करीब एक घंटे तक अराजकता का माहौल रहा। जब शुरुआती सूचना पर पुलिसकर्मी वहां पहुंचे। भीड़ इस कदर आक्रामक हो गई कि पुलिस पर भी पथराव कर दिया। बाद में होली पर लागू स्कीम के तहत सूचना पर तमाम फोर्स पहुंचा। इसके बाद एक दूसरे पर हमलावर भीड़ तितर-बितर हुई। बाद में पुलिस ने लोगों को चिह्नित कर धरपकड़ अभियान चलाया गया।