चीख-पुकार सुन सोते से उठकर मदद के लिए दौड़ पड़े ग्रामीण
अकराबाद के जीटी रोड किनारे रोहिना सिंहपुर गांव के किनारे मध्यरात्रि ढाई बजे अचानक हादसा होते ही चीख-पुकार मच गई। घायल महिलाएं-बच्चे रो रहे थे। वहीं जिन्हें चोट नहीं आई थी, वह भी अन्य यात्रियों के चेहरे और शरीर से बहते खून को देखकर दहशत में मदद के लिए गुहार लगा रहे थे।
रोने-मदद के लिए पुकारने की आवाज सुनकर सड़क किनारे घरों के अंदर सो रहे ग्रामीणाें की आंख खुल गई। ग्रामीण अपने-अपने घरों से निकलकर मदद के लिए दौड़ पड़े। हाईवे से गुजर रहे कुछ वाहन भी सड़क किनारे साइड में खड़े हो गए और उनमें मौजूद राहगीर भी मदद के लिए पहुंच गए।
कंटेनर से टकराने के बाद एक साइड से बुरी तरह से क्षतिग्रस्त बस में कुछ यात्री फंसे हुए थे। इन सभी को ग्रामीणों ने निकाला। उधर, सूचना पर अकराबाद थाना पुलिस भी पहुंच गई थी। पुलिस ने एंबुलेंस बुला लीं। घायलों को एंबुलेंस के जरिये मौके से सीधे जेएन मेडिकल कॉलेज भेजा गया। वहीं, जिनके हल्की चोटें थीं, उन्हें दूसरी बसों के जरिये गंतव्य के लिए भेजा गया। इस दौरान हाईवे पर एक साइड में यातायात भी कुछ समय के लिए प्रभावित रहा। क्षतिग्रस्त वाहनों को क्रेन की मदद से सड़क से हटवाकर पुलिस ने यातायात सुचारु करवाया।
रोडवेज का रंग, ऊपर कौंशाबी, साइड में लिखा है उत्तर प्रदेश
अकराबाद। रोडवेज की जिस बस से जीटी रोड पर सोमवार मध्यरात्रि के बाद हादसा हुआ, वह बस यूपी परिवहन निगम के रंग में रंगी है। बस में आगे सबसे ऊपर कौशांबी लिखा है। साइड में उत्तर प्रदेश, आपका अपना साथी लिखा है। लोगों का कहना है कि कुछ निजी बस संचालक यात्रियों को धोखा देने के लिए ऐसा करते हैं।
लोगों का कहना है कि परिवहन निगम की प्रत्येक बस में ऊपर डिपो के नाम के साथ डिपो भी लिखा होता है। इस बस में कौशांबी के साथ डिपो नहीं लिखा है। दूसरा, परिवहन निगम की बसों में उत्तर प्रदेश के अलावा कुछ नहीं लिखा होता, जबकि इस बस में आपका अपना साथी भी लिखा है। पूर्व में भी जिले में कासगंज-गंगीरी-छर्रा मार्ग पर रोडवेज के रंग में रंगी ऐसे निजी बसें संचालित होने का मामला जिले में सामने आ चुका है। अब रोडवेज के रंग वाली बस से यह बड़ा हादसा हो गया।