रात में पड़ रहे बेहद घने कोहरे में सड़कों के किनारे नहीं दिख रहे हैं। दृश्यता बमुश्किल कहीं दो मीटर तो कहीं तीन से चार मीटर तक भी नहीं है। जो कुछ दिखता है, वह अस्पष्ट है। ऐसे में सड़कों के किनारे सफेद पट्टी नहीं होने से ड्राइवरों परेशान रहते हैं। ज्यादातर ड्राइवर अपने तजुर्बे से ही गाड़ी घसीट रहे हैं। आलम ये है कि अलीगढ़ से आगरा चार घंटे, अलीगढ़ से कानपुर वाया जीटी रोड 13 घंटे में।
अलीगढ़ से कानपुर वाया आगरा 12 घंटे, अलीगढ़ से साढ़े तीन घंटे में। अलीगढ़ से दिल्ली का सफर चार घंटे में हो रहा है। कभी-कभी इससे भी ज्यादा समय लग रहा है। हाईवे पर कुछ जगहों पर सफेद पट्टियां होने से तो राहत है, लेकिन अधिकांश जगहाें पर पट्टियां नहीं होने से बहुत परेशानी हो रही है।
कोल विधानसभा क्षेत्र से पूर्व विधायक एवं बसपा नेता हाजी जमीरउल्लाह ने कहा है कि अलीगढ़ पलवल रोड, जीटी रोड हाईवे पर अलीगढ़ से कानपुर की ओर, अलीगढ़ से मथुरा रोड, रामघाट रोड, अनूपशहर रोड, मथुरा बाईपास, क्वार्सी चौराहे से एटा चुंगी सहित जिले की सभी प्रमुख सड़कों के दोनों ओर व बीच में सफेद पट्टी बनाई जाए। जो सड़कों के किनारे और इसके बीच के हिस्से को दर्शाती है।
जहां-जहां सड़क पर क्रासिंग हो, वहां पर जेब्रा पट्टी भी सफेद रंग से बने। क्योंकि कोहरे के मौसम में ड्राइवर इन्हीं पट्टियों को देखकर वाहन चलाते हैं और हादसों से बचते हैं। वर्तमान में किसी भी सड़क पर ये सफेद पट्टी नहीं है। जो हैं वह पुरानी होने के कारण घिस चुकी हैं और कोहरे में दिखती नहीं है। इनको नया करने की जरूरत है।
पूर्व विधायक ने पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों और एनएचआई के साथ नगर निगम के अधिकारियों से आग्रह किया है कि वह जनहित में इस काम को जल्द से जल्द पूरा कराएं। जिससे सड़क हादसों से बचा जा सके।