रविवार को अपराह्न करीब तीन बजे गांव डेटा खुर्द में दिल्ली पुलिस के हवलदार अमरपाल सिंह पुत्र रामखिलाड़ी को सगे भाइयों व भतीजों ने घेरकर लाठियों से बुरी तरह पीटा। गंभीर हालत में पुलिस ने उन्हें मलखान सिंह जिला अस्पताल पहुंचाया जहां डॉक्टर ने मृत घोषित कर दिया। वारदात के बाद से सभी आरोपी फरार हैं। देर रात तक थाने में तहरीर नहीं पहुंची थी।
गांव डेटा खुर्द निवासी 50 वर्षीय अमरपाल सिंह दिल्ली पुलिस में हवलदार थे। वह परिवार समेत आनंद विहार नई दिल्ली स्थित पुलिस लाइन में रहते थे। गांव में उनके नाम 28 बीघे पैतृक खेती है। कुछ जमीन उन्होंने और खरीद ली थी जिसकी वजह से वह गांव आते रहते थे।
गांव में दोनों भाई महावीर सिंह व नैपाल सिंह से उनका खेती-बाड़ी को लेकर कुछ पुराना विवाद चला आ रहा था। प्रशासन से की गई शिकायत पर रविवार की सुबह पुलिस के साथ राजस्व टीम ने गांव पहुंचकर जमीन की नाप जोख की थी। इसके बाद अपराह्न करीब तीन बजे अमरपाल सिंह बाइक से दिल्ली जाने के लिए गांव से निकले।
गांव वालों का कहना है कि गांव के बाहर रास्ते में दोनों भाइयों एवं उनके लड़कों ने घेरकर लाठी-डंडों से अमरपाल सिंह को बुरी तरह से पीटा। इसी बीच पिसावा में ब्याही उनकी बहनों को वारदात की जानकारी हुई तो उन्होंने पुलिस को सूचना दी। पिसावा पुलिस जब मौके पर पहुंची तो अमरपाल सिंह बुरी तरह खून से लथपथ जमीन पर पड़े थे। पुलिस ने उन्हें तत्काल मलखान सिंह जिला अस्पताल भेजा जहां डॉक्टर ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। थाना पुलिस के अनुसार शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।