सावन के पहले सोमवार पर तड़के ही महानगर के शिवालयाें पर श्रद्धालुओं की भीड़ शुरू हो गई। हर कोई श्रद्धालु भोले शंकर का अभिषेक करने को आतुर था। तड़के से लगी श्रद्धालुओं की लाइन थमने का नाम नहीं ले रही थी।
उमस का मौसम भी भोले के भगतों को डिगा नहीं सका। दोपहर करीब एक बजे तक सिद्धपीठ खेरेश्वरधाम तक श्रद्धालुओं की लंबी लाइन लगी हुई थी। हर कोई भक्त भोले के जयघोष कर रहा था।
सिद्धपीठ श्री खेरेश्वर धाम मंदिर पर मध्य रात्रि को मंदिर समिति के ठा. सत्यपाल सिंह, देवेंद्र सिंह चौहान, रामनिवास आदि से मंदिर परिसर स्थित दाऊजी महाराज मंदिर के महंत गोविंद शर्मा और राजेंद्र शर्मा ने पूजन विधि विधान से कराया। इसके बाद मंदिर के पट श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए गए। सुबह करीब साढ़े चार बजे से श्रद्धालुओं की भीड़ शुरू हो गई।
श्रद्धालु बम-बम भोले के जयकारों के साथ दुग्धाभिषेक, जलाभिषेक, भस्म शृंगार, रुद्राभिषेक आदि कर भोले से प्रार्थना की। दो दर्जन से अधिक स्थानों पर भंडारे लगे हुए थे। भव्य फूल बंगले से सजे मंदिर में सुरक्षा में जहां सेवादार जुटे हुए थे, वहीं पुलिस कर्मी भी मुस्तैदी से दिखे।
मंदिर समिति के पदाधिकारियों के अलावा सेवादारों ने कांवड़ियों, श्रद्धालुओं का सहयोग किया। शाम को शिव विवाह का आयोजन मंदिर परिसर में हुआ। शाम साढ़े सात बजे मंदिर के पट बंद हो गए, महाआरती के बाद रात करीब साढ़े नौ बजे श्रद्धालुओं के लिए एक बार फिर मंदिर के पट खोले गए। भोले का एक क्विंटल पेठा, 51 किलो महाभोग और 56 भोग से भोग लगाया गया। इस दौरान रिषीओम शर्मा, पंकज धीरज, चंद्रपाल शर्मा, गेहराज सिंह, सूबेदार डीएस चौहान आदि मौजूद रहे।
अचलेश्वर महादेव मंदिर के सोमवार सुबह पट खुलने के बाद जलाभिषेक शुरू हो जाएगा। दिन भर श्रद्धालुओं भोले पर जलाभिषेक किया। शाम को बाबा नीव करौरी महाराज की भजन संध्या आयोजित की। उधर, जयगंज स्थित प्राचीन मंदिर श्री मंगलेश्वर महादेव में भी श्रद्धालुओं ने भोले की विशेष पूजा के साथ जलाभिषेक किया।
शनि मंदिर में हुआ महा रुद्राभिषेक
शिवपुरी रघुवीरपुरी स्थित प्राचीन शिव शनि मंदिर में सोमवार को शिव शनि सेवा समिति के पदाधिकारियों ने भोले का महा रुद्राभिषेक और अनुष्ठान कराया। धार्मिक आयोजन पं. आचार्य मनीष गिरी ने वैदिक विधिविधान से पूजन कराया। शाम को शिव विवाह का आयोजन किया गया। इस दौरान समिति अध्यक्ष राजू पंडित, महामंत्री हेमंत गर्ग, अंकित अग्रवाल, मनीष श्रीवास्तव, भाजपा जिलाध्यक्ष विवेक सारस्वत, मानव महाजन, आनंद गोयल आदि मौजूद रहे।
वार्ष्णेय मंदिर में हुआ भोले का रुद्राभिषेक
श्री वार्ष्णेय मंदिर में श्रद्धालुओं ने भोले शंकर का जलाभिषेक किया। मंदिर महंत पं. मनोज मिश्रा, पं. महेश ब्रह्मचारी आदि ने पूजन कराया। सोमवार को यजमान विनीश वार्ष्णेय, रंजन वार्ष्णेय और अंजना वार्ष्णेय थे। अशोक कुमार ने सवामनी भोग लगाया। इस मंदिर व्यवस्थापक राधे श्याम गुप्ता, संजीव राजा, भुवनेश आधुनिक, राजा राम मित्र आदि मौजूद रहे।
शिव सहस्त्र नाम का पाठ किया
आईटीआई. रोड स्थित अवस्थी ज्योतिष संस्थान के आचार्य पं. आदित्य नारायण अवस्थी ने रुद्राभिषेक कराया। श्रद्धालुओं ने 1100 बेलपत्र भोलेनाथ पर चढ़ाए। आचार्यों ने शिव सहस्त्र नाम का पाठ किया। आचार्य ने पूजन के नियम बताते हुए कहा कि मंदिर में सदैव हमें आसन पर ही बैठना चाहिए। भगवान को हृदय में बसा कर पूजा करें। भगवान की मूर्तियों में कभी प्रसाद, मुख में नहीं लगाना चाहिए, चढ़ा हुआ जल या प्रसाद पैरों के नीचे नहीं पड़े इसलिए मंदिर में साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखें। अंत में महाआरती के बाद प्रसाद बांटा गया। इस दौरान अजय शुक्ला, अनिल दीक्षित, लवकुश शास्त्री, देवीप्रसाद पांडेय, राहुल शास्त्री आदि मौजूद रहे।