पिछले 24 घंटे से अधिक समय से लगातार हो रही झमाझम बारिश से शहर की व्यवस्थाएं ध्वस्त हो गई हैं। शहर से लेकर देहात तक अधिकतर इलाके जलमग्न नजर आए। निचले इलाकों में घरों में पानी भर गया। कई इलाकों में बिजली संकट गहरा गया। पूरे सावन में इन दो दिनों में सर्वाधिक बारिश दर्ज की गई है। मौसम विभाग के अनुसार बृहस्पतिवार को भी बारिश के आसार बने हुए हैं।
मंगलवार शाम से जिले में शुरू हुई बारिश बुधवार को पूरे दिन-रात कभी कम तो कभी ज्यादा होती रही। लोग घरों में कैद हो गए। बारिश के कारण सुबह स्कूल व दफ्तर जाने वालों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा। रामघाट रोड, सेंटर प्वाइंट, क्वार्सी, नौरंगाबाद, सासनी गेट, तस्वीर महल आदि स्थानों पर जलभराव में लोग फंस गए। उनके वाहन बंद हो गए। काफी मशक्कत के बाद भी जब वाहन चालू नहीं हुए तो धक्का लगाना पड़ा।
पांच डिग्री नीचे आया पारा, गर्मी से राहत
लगातार हो रही झमाझम बारिश से तापमान में भी पांच डिग्री की गिरावट आई है। बारिश ने लोगों को गर्मी से राहत दी है। बुधवार को जिले का अधिकतम तापमान 26 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 7 डिग्री कम था। वहीं न्यूनतम तापमान 24 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। जो सामान्य से 1 डिग्री कम था। अगर बृहस्पतिवार को भी पूरे दिन बारिश हुई तो पारा और भी गिर सकता है।
जिले में 239.5 एमएम बारिश, अतरौली में सर्वाधिक
मंगलवार से बुधवार की सुबह 10 बजे तक जिले में 239.5 एमएम बारिश दर्ज की गई है। जिला प्रशासन द्वारा जारी आंकड़ों में सर्वाधिक बारिश अतरौली तहसील में हुई है। यहां 95 एमएम बारिश दर्ज की गई है। वहीं शहर और कोल क्षेत्र में 10 एमएम बारिश हुई है। इगलास में 10 एमएम, गभाना में 11.5 एमएम, खैर में 22 एमएम बारिश दर्ज की गई है। आज बुधवार सुबह से बृहस्पतिवार सुबह 10 बजे तक का आंकड़ा आज जारी होगा।
निचले इलाकों में घरों में घुसा पानी
शहर के निचले इलाकों में शुमार शाहजमाल, एडीए, गोविंद नगर, श्रीनगर, संजय गांधी कॉलोनी, नौरंगाबाद क्षेत्र के कई इलाके, देहली गेट, भुजपुरा, विष्णुपुरी, सुदामापुरी जैसे इलाके सर्वाधिक प्रभावित हैं। इन इलाकों में घरों में पानी घुस गया है। लोग सुरिक्ष स्थानों पर पहुंच रहे हैं।
झुग्गी-झोपड़ियों में लोग परेशान
झुग्गी-झोपड़ियों में में रहे लोगों के लिए बारिश मुसीबत बनकर आई है। देहली गेट, शाहजमाल, लाल डिग्गी, शमशाद मार्केट, सासनी गेट आदि स्थानों पर झुग्गी-झोपड़ियों में पानी घुस गया है। जिसके कारण उनका काफी नुकसान हुआ है।
सरकारी व निजी भवनों में पानी से आफत
सरकारी व निजी भवनों में भी पानी घुस गया। सरकारी दफ्तरों में जलभराव से फरियादी परेशान रहे। कचहरी, तहसील, जवाहर भवन, स्कूल से लेकर अपार्टमेंट तक हर जगह पानी ही पानी नजर आया।
नगर निगम का दावा ज्यादा देर नहीं रुक रहा पानी
बारिश के बीच नगर निगम का दावा है कि शहर में अब पहले की तरह ज्यादा देर तक पानी नहीं रुक रहा है। सभी पंपिंग स्टेशनों पर लगातार 24 घंटे पंपिंग के निर्देश दिए हैं। पंपिंग स्टेशनों पर जेनरेटर की व्यवस्था की है। इनको कंट्रोल रूम से जोड़ा गया है, लेकिन लगातार हो रही बारिश इन इंतजामों पर भारी पड़ रही है। जलभराव का स्तर बढ़ना जारी है। लगातार हो रही बारिश के आगे नगर निगम के इंतजाम बोने नजर आए।
पेड़ गिरने से रास्ते हुए जाम
तेज बारिश के चलते कई स्थानों पर पेड़ गिर गए हैं। जिसके कारण रास्ते जाम हो गए हैं। स्थानीय लोगों की मदद से रास्ते खुलवाए गए। शाहजमाल, रामघाट रोड सहित अन्य स्थानों पर पेड़ गिरने से रास्ता रुक गया। इसके अलावा जिले के दूसरे कुछ स्थानों पर पेड़ों की टहनियों से गिरने से बाधा आई।
इन स्थानों पर हुआ जलभराव
गूलर रोड, शक्ति नगर, नगला मसानी, मित्र नगर, रघुवीर पुरी, सराय लबरिया, सराय हकीम, शिवपुरी, लक्ष्मीपुरी, अशोक नगर, न्यू अशोक नगर, गूलर रोड गली नंबर एक, बारहद्वारी, रसलगंज, सराय रहमान, मछली वाली गली, दानपुर कंपाउंड, घुड़ियाबाग, देहली गेट चौराहा, खैर रोड, चरखवालान, शाहजमाल ईदगाह, रोरावर, शाहजमाल एडीए कॉलोनी, जंगलगढ़ी, सराय मियां, ख्वाजा चौक, भुजपुरा, नगला आशिक अली, जयगंज, सासनी गेट एडीए कॉलोनी, लोधी विहार, गंभीरपुरा, हाथरस अड्डा, गोपाल पुरी, खिरनी गेट, ब्रह्मनपुरी, अचल ताल, सुरेंद्र नगर, घनश्यामपुरी, सुदामापुरी, विष्णुपुरी, नगला तिकौना, रामघाट रोड, सेंटर प्वाइंट, मैरिस रोड, किशनपुर तिराहा, टीकाराम कालेज के सामने, अमिरनिशां, दोदपुर, मेडिकल रोड, सर सैयद नगर, नगला मल्लाह, जीवनगढ़, केला नगर चौराहा, क्वार्सी, कुलदीप विहार, एटा चुंगी से लगे कई इलाके आदि।
ताल-तलैया बने बाजार, पड़े रहे सुनसान
बाजारों में सन्नाटा पसरा रहा। सुबह बाजार पूरी तरह से बंद रहे। शाम के समय कुछ दुकानदारों ने अपने प्रतिष्ठान तो खोले, लेकिन ग्राहकों की भीड़ नदारद रही। जिसके चलते बाजार जल्दी बंद हो गए। बारिश में बाजार ताल-तलैया नजर आए।
देरी से आया संदेश, बच्चे पहुंच गए स्कूल
बारिश के चलते एहतियात के तौर पर शहर के सभी सरकारी व निजी स्कूलों में अवकाश घोषित कर दिए गए। लेकिन, ये संदेश अभिभावकों के मोबाइल पर तब आया, जब बच्चे स्कूल पहुंच गए थे। हालांकि छोटे बच्चों को बारिश के कारण अभिभावकों ने स्कूल भेजा ही नहीं था।