दि अलीगढ़ बार एसोसिएशन के प्रतिष्ठापूर्ण चुनाव का परिणाम बुधवार देर रात 10 बजे अधिकारिक रूप से घोषित कर दिया गया। चुनाव में इस बार महत्वपूर्ण अध्यक्ष व महासचिव पदों पर क्रमश: ठा.ब्रजेश सिंह व संजय पाठक ने जीत दर्ज की है। देर रात परिणाम जारी होने के बाद समर्थकों ने जमकर जशभन मनाया और विजेता पदाधिकारियों का स्वागत किया। हारे हुए प्रत्याशी खेमों के समर्थक कलेक्ट्रेट स्थित मतगणना स्थल से चले गए। दोनों विजेताओं ने इस जीत का श्रेय युवा साथियों की मेहनत व बुजुर्ग साथियों के अनुभव को दिया है।
कलेक्ट्रेट स्थित बार सभागार में सुबह सही समय पर निर्वाचन अधिकारी/पूर्व अध्यक्ष जगदीश सारस्वत एडवोकेट के नेतृत्व में मतगणना शुरू हो गई। मगर इसी बीच एक बूथ की मतपेटी में 100 वोटों की गिनती में गड़बड़ी को लेकर हंगामा खड़ा हो गया। बाद में इस मतपेटी की गिनती नए सिरे से कराई गई। इस दौरान काफी देर तक मतगणना रुकी रही। जब संशय दूर हो गया, तब 11 बजे से नए सिरे से मतगणना शुरू हुई और सुबह से ही अध्यक्ष पद पर ब्रजेश सिंह व महासचिव पद पर संजय पाठक ने बढ़त बनाए रखी। हालांकि मतगणना कुल 36 राउंड में रात दस बजे तक चली। मगर इन दोनों को शाम को ही जीत की बधाइयां मिलना शुरू हो गईं और समर्थकों ने माला पहनाकर जशभन मनाना शुरू कर दिया।
निर्वाचन अधिकारी जगदीश सारस्वत द्वारा जारी परिणाम के अनुसार अध्यक्ष पद पर ब्रजेश सिंह ने हेमेेंद्र वार्ष्णेय को 410 वोटों से हराया है। वहीं महासचिव पद पर संजय पाठक ने अनूप कौशिक को 316 वोटों से हराया है। इसके अलावा वरिष्ठ उपाध्यक्ष पद पर सुरेंद्र कुमार 258 मतों से, कनिष्ठ उपाध्यक्ष पद पर उदयवीर सिंह राना 72 वोटों से, कोषाध्यक्ष पद पर विजयपाल सिंह 274 वोटों से, संयुक्त सचिव प्रशासन पद पर बीनू गुप्ता 401 वोटों से, संयुक्त सचिव पुस्तकालय पद पर ब्रजेश कुमार 225 वोटों से और संयुक्त सचिव प्रकाशन पद पर ललित गौतम 100 वोटों से विजयी घोषित किए गए हैं।
निर्वाचन अधिकारी के अनुसार जनवरी में बार के नए पदाधिकारियों को शपथ ग्रहण कराई जाएगी। परिणाम जारी होने पर विजेताओं को बधाई देने वालों में जगदीश सारस्वत, गणेश कुमार शर्मा, कैलाश बाबू गुप्ता, ठा.पीके सिंह, रामबाबू शर्मा, नीरज चौहान, आशीष मोहन यादव, योगेश सारस्वत, बिट्टू पाठक, प्रमोद कुलश्रेष्ठ, गोपाल सिंह राना, अनूप कौशिक आदि तमाम अधिवक्ता शामिल हैं।
हमारी इस जीत का श्रेय युवा साथियों की मेहनत व बुजुर्ग साथियों के अनुभव को जाता है। वहीं हमारा लक्ष्य है अधिवक्ताओं की सुरक्षा व सम्मान वापस दिलाना है। कोरोना काल में देखने में आया कि अधिवक्ताओं की सुरक्षा व सम्मान का ध्यान नहीं रखा गया। इसे लेकर हम जिला जज महोदय से वार्ता कर सबसे पहले इस व्यवस्था को दुरुस्त कराएंगे।
-ठा. ब्रजेश सिंह नवनिर्वाचित अध्यक्ष
जीत का श्रेय युवा साथियों की मेहनत व समस्त अधिवक्ताओं के प्यार को जाता है। वहीं हमारा प्रयास होगा कि बार को ऑनलाइन कराया जाए। मृतक आश्रित अनुदान राशि बढ़वाई जाए। साथ में लाइब्रेरी व्यवस्थित कराने और युवा साथियों के लिए नई योजनाएं बार के सहयोग से शुरू कराने का प्रयास किया जाएगा।
-संजय पाठक नवनिर्वाचित महासचिव