बेटियां दो घरों में उजाला करती हैं। बेटियां भी बेटों की तरह घर, परिवार, शहर व देश का नाम रोशन कर सकती हैं। बेटियों को बोझ की बजाय उन्हें अभिमान समझें। यही वकालत अंतर्राष्ट्रीय बालिका सुरक्षा दिवस पर अमर उजाला कार्यालय तालानगरी में आयोजित अमर उजाला अपराजिता 100 मिलियन स्माइल्स व अमर उजाला ट्री ऑफ लाइफ कार्यक्रम में शिरकत करने आए शिक्षक, डॉक्टर व बुद्धिजीवियों ने की।
टीकाराम कन्या महाविद्यालय की शिक्षिका डॉ. नीता वार्ष्णेय ने कहा कि बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ सहित अन्य नारे तभी सार्थक होंगे, जब इन नारों को सब आत्मसात करें। सोच में बदलाव की जरूरत है। युवा पीढ़ी को समझना होगा कि वह बेटा-बेटी के बजाय संतान को तवज्जो दे। जब हम सुधरेंगे तो जग सुधरेगा। मेरी दो बेटियां हैं, जो ईश्वर का उपहार हैं। एएमयू जिम्नेजियम के वरिष्ठ प्रशिक्षक मजहर उल कमर ने कहा कि तरबियत (सिखाना) बेहतर होनी चाहिए। पश्चिमी देशों की नकल से बचना होगा।
देश के संस्कार के हिसाब से बेटियों की तरबियत होनी चाहिए। बेटी-बेटा समान हैं। बेटी की परवरिश अच्छी तरीके से करना चाहिए। एएमयू के जेएन मेडिकल कॉलेज के आर्थो डिपार्टमेंट से डॉ. आमिर अतीक ने कहा कि बेटियों को आगे बढ़ाने के लिए सपोर्ट करना चाहिए, क्योंकि शिक्षा महत्वपूर्ण है। बेटी पढ़-लिखकर एक ही नहीं, बल्कि दो घरों को अपनी काबिलीयत व सूझबूझ से घर परिवार का नाम रोशन करती हैं। फिजियोथैरेपिस्ट डॉ. अभय पचौरी ने कहा कि बेटी को बोझ नहीं, बल्कि उसे शक्ति जानें। जब घर में बेटी का जन्म हो तो उत्सव मनाना चाहिए। हो सकता है बेटी पीटी ऊषा, साइना नेहवाल, पीवी सिंधू जैसी बन जाए। डॉ. अभय ने कहा कि बेटी दो घरों के बीच सेतु का काम करती है, वह दोनों घरों में उजाला फैलाती है।
खत्म हो भेदभाव
अलीगढ़। जेएस पब्लिक स्कूल में अंतर्राष्ट्रीय बालिका सुरक्षा दिवस मनाया गया। कक्षा 5 से 11 तक की बालिकाओं को इस दिवस की जानकारी दी गई। उप प्रधानाचार्या अमिता सक्सेना ने बाल विवाह, लड़कियों के साथ भेदभाव, खानपान में भेदभाव को बताया। प्रधानाचार्या मंजू वार्ष्णेय ने बच्चों का उत्साह वर्धन किया।
बेटी पर करो अभिमान, बेटी बनेगी देश शान
अलीगढ़। डीपीएस व सिविल लाइंस में अंतर्राष्ट्रीय बालिका सुरक्षा दिवस के उपलक्ष्य में विशेष प्रार्थना सभा की गई। बच्चों ने सुविचार, भाषण, रोचक तथ्य व सामान्य ज्ञान की जानकारी दी। जूनियर विंग की कक्षा 6 की छात्राओं ने ‘मुझे क्या बेचेगा रुपया’ गीत पर शानदार नृत्य प्रस्तुत किया। हेड मिस्ट्रेस भावना भारद्वाज ने कहा कि बेटियों के बिना इस संसार का विस्तार असंभव है। इस मौके पर डीपीएस सिविल लाइंस की प्रिंसिपल रजनी सिंह, वाइस प्रिंसिपल शरद अग्रवाल आदि मौजूद रहे।