राजकीय ओद्यौगिक एवं कृषि प्रदर्शनी में शनिवार को कृष्णांजलि नाट्यशाला में उत्तर-प्रदेश लेखपाल संघ का वार्षिक सम्मेलन हुआ। उद्घाटन प्रांतीय अध्यक्ष राममूरत यादव ने मां सरस्वती की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर किया। सम्मेलन में प्रांतीय कार्यकारिणी के पदाधिकारियों के अलावा पड़ोसी जिलों के पदाधिकारी भी शामिल हुए।
प्रशासन की ओर से अपर जिलाधिकारी प्रशासन डीपी पाल, उप जिलाधिकारी कोल संजीव ओझा, तहसीलदार कोल डॉ. गजेंद्र पाल ने भाग लिया। सम्मेलन में संघ के जिला मंत्री ध्यान प्रकाश तिवारी ने लेखपालों की समस्याओं से संबंधित प्रस्तावों, ग्राम आबादी में स्वामित्व सर्वेक्षण कार्य से संबंधित प्रदेश शासन की अधिसूचना, शासनादेश के अनुसार सर्वे टीम में ग्राम पंचायत अधिकारी, ग्राम विकास अधिकारी को अनिवार्य रूप से सम्मलित किए जाने की मांग रखी।
वक्ताओं ने तहसीलों में प्रभारी राजस्व निरीक्षक का कार्य कर रहे लेखपालों को हटाए जाने, चिकित्सा अवकाश की अवधि में लेखपालों को वेतन भुगतान बंद न किए जाने, सेवा संबंधी मांगों व उनके समाधान की मांग की।
अध्यक्षता लेखपाल संघ के जिलाध्यक्ष साहब सिंह व संचालन जिला मंत्री ध्यान प्रकाश तिवारी ने किया। सम्मेलन में जिले की कोल, गभाना, खैर, इगलास व अतरौली तहसील के समस्त लेखपाल व कानूनगो मौजूद रहे।