लावारिस लाशों के वारिस पद्मश्री शरीफ चाचा इन दिनों बीमार हैं। इलाज में आर्थिक तंगी भी बाधक बन रही है। अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के पूर्व छात्रों ने उनकी मदद के लिए हाथ आगे बढ़ाएं हैं। अन्य छात्रों से भी शरीफ चाचा की आर्थिक सहायता के लिए अपील की है।
फैजाबाद निवासी पद्मश्री मो. शरीफ चाचा 83 साल के हैं। वह लावारिस लाशों का अंतिम संस्कार करने के लिए जाने जाते हैं। अब तक बीस हजार से अधिक लावारिस लाशों का अंतिम संस्कार कर चुके हैं। पिछले कई दिनों से उनकी सेहत खराब है। इलाज में आर्थिक तंगी भी बाधक बन रही है। अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के पूर्व छात्र जसीम मोहम्मद ने सोशल मीडिया पर उनका बैंक खाता व अन्य जरूरी सूचनाओं को साझा करते हुए एएमयू बिरादरी से उनके उपचार के लिए आर्थिक सहयोग करने की अपील की है।
शोध छात्र मोहम्मद शिकोह ने कहा कि यह पहला मौका नहीं है जब अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के छात्रों ने मदद के लिए हाथ बढ़ाएं हैं। इससे पहले भी उत्तराखंड की आपदा हो या अन्य किसी व्यक्ति की मानवीय आधार पर मदद के लिए अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के छात्र हमेशा आगे आए हैं। उन्होंने कहा कि शरीफ चाचा की मदद के लिए एएमयू ओल्ड ब्वॉयज एसोसिएशन लखनऊ के संपर्क में यहां के पूर्व छात्र बने हुए हैं।