अलीगढ़। एएमयू में ऐतिहासिक विरासत के साथ छेड़छाड़ हो रही है। इसकी शिकायत छात्रों ने कुलपति से की है। एएमयू के आरंभिक भवनों में स्ट्रैची हाल शामिल है। कुछ स्थानों पर छत खराब हो चुका है, जिसे उखाड़ कर बनाया जा रहा है।
छात्रों की शिकायत है कि आर्किलोजिकल सर्वे ऑफ इंडिया की गाइड लाइन के अनुसार काम नहीं हो रहा है। विशेषज्ञों के बदले अनट्रेंड ठेकेदार व मजदूर से काम कराया जा रहा है जो सीमेंट व अन्य मैटेरियल का उपयोग कर हेरिटेज बिल्डिंग में शामिल इस भवन के ऐतिहासिक महत्व को ठेस पहुंचा रहे हैं।
छात्र नेता आमिर मिंटो का कहना है कि स्ट्रैची हाल की छत में कहीं मसाला नहीं लगा है। लोहे के जाल के ऊपर लकड़ी के तख्ते हैं। उसके बाद एल्युमीनियम सीट और उसके ऊपर क्ले टाइल्स हैं। सर सैयद ने स्वयं इस हाल को बनवाया था। लेकिन मजदूर क्ले टाइल्स के बदले सीमेंटेड टाइल्स लगा रहे हैं।