ये नगला हिमाचल, समेना, जिरौली और कसेर की रहने वाली हैं। इस मामले ने कस्तूरबा गांधी विद्यालय की अव्यवस्थाओं को भी उजागर किया है। रविवार सुबह करीब चार बजे विद्यालय का गेट खुला हुआ था और यह उससे निकलकर पैदल ही सुबह करीब छह बजे अपने गांवों में पहुंच गई और परिजनों को पूरी जानकारी दी।
कस्बा गंगीरी स्थित कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय से पांच छात्राएं निकलकर घर पहुंच गईं और परिजनों से आरोप लगाया कि शिक्षिकाएं पैर दबवाने, कपड़े धुलवाने जैसे काम कराती हैं। इनकार करने पर सजा देती हैं। छात्राओं के गायब होने से विद्यालय में हड़कंप मच गया। इनमें से चार छात्राओं को किसी तरह से समझाबुझाकर वापस विद्यालय ले जाया गया। एक छात्रा ने जाने से इनकार कर दिया है।
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ये नगला हिमाचल, समेना, जिरौली और कसेर की रहने वाली हैं। इस मामले ने कस्तूरबा गांधी विद्यालय की अव्यवस्थाओं को भी उजागर किया है। रविवार सुबह करीब चार बजे विद्यालय का गेट खुला हुआ था और यह उससे निकलकर पैदल ही सुबह करीब छह बजे अपने गांवों में पहुंच गई और परिजनों को पूरी जानकारी दी। सुबह स्कूल की शिक्षिकाओं पता चला तब सभी गांव में पहुंची और चार बच्चियों को माफी मांग कर अपने साथ बुला कर ले आई लेकिन गांव नगला हिमाचल निवासी छात्रा स्कूल नहीं आई।
एक वीडियो में छात्रा आरोपों की पुष्टि कर रही है। छात्रा की मां सुखदेवी व पिता छोटेलाल ने इस पर नाराजगी जताई और इस मामले की शिकायत कर कार्रवाई कराने की बात कही है। इस संबंध में वार्डन से बात करने का प्रयास किया गया लेकिन उन्होंने फोन काल रिसीव नहीं की। एसडीएम अतरौली अनिल कटियार ने बताया कि मामला मेरे संज्ञान में नहीं है, वह विद्यालय में जाकर पूरे मामले का पता करेंगे।