नवरात्रि में 12 दिन तो दीपावली के पंचोत्सव में अब 40 दिन का समय शेष है। ऑटो बाजार हो या होटल सभी इन त्योहारों में कुछ न कुछ नया लेकर आने की तैयारी में है। पितृपक्ष के दौरान कारों में ज्यादा छूट मिलने से इस दौरान भी बुकिंग हो रही है। व्यापारियों में गजब का उत्साह है। आने वाले त्योहारी सीजन में वह बरसात की सारी कसक को दूर कर लेंगे। सोमवार को अमर उजाला की ओर से तालानगरी प्रेस यूनिट में इसी सिलसिले में अमर उजाला समृद्धि संवाद का आयोजन शाम चार बजे से हुआ। जिसमें होटल और ऑटो सेक्टर के प्रबुद्ध व्यापारी शामिल हुए। इन सभी ने बताया कि अक्तूबर, नवंबर और दिसंबर की तीसरी तिमाही में बाजार तेजी से रफ्तार पकड़ेगा।
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लोग शोरूम पहुंच रहे हैं। जानकारी कर रहे हैं दीपावली पर आने वाले ऑफर पूछ रहे हैं। बुकिंग भी हो रही है। नवरात्रि से ही ये रफ्तार तेजी से बढ़ेगी, जो दिसंबर जनवरी तक चलेगी। इसके बाद फरवरी से सहालग का बाजार गुलजार रहेगा।
प्रतुल अग्रवाल, मारुति नेक्सा।
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हर साल बरसात के सीजन में कुछ उतार चढ़ाव होता है क्योंकि बाढ़ आदि से माल मंगवाने में परेशानी होती है। अब सब कुछ सामान्य हो रहा है। ग्राहक बुकिंग करा रहे हैं। पितृपक्ष में भी वाहनों की खरीददारी जारी है।
अंकित माहेश्वरी, विनीत ऑटो मोबाइल्स।
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वित्तमंत्री जिस तरह से लगातार राहत दे रही हैं। उससे बाजार में रौनक आ गई है। लोग अब बुकिंग कराने, खरीदने, जानकारी करने और ऑफर के बारे में जानने आ रहे हैं। दीपावली तक रौनक पूरे शबाब पर होगी। ये बहुत अच्छा है।
अंकित गुप्ता, आरआर मोटर्स।
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बीएस-4 के रजिस्ट्रेशन पर असमंजस की स्थिति बनी थी, जो वित्त मंत्री के बयान से दूर हो गई है। इन दिनों कार की खरीददारी में 40 हजार तक की छूट है, बाकी वाहनों में भी कई छूट हैं। जिससे बाजार बेहतर हो रहा है।
-शलभ मित्तल, शिवा ऑटो मोबाइल्स।
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अब बदले हुए ट्रेंड के अनुसार काम हो रहा है। नई पीढ़ी अपने अनुसार खरीददारी कर रही है, वह पितृपक्ष मेें भी खरीददारी कर रहे हैं। हां, वो अपनी जरूरतों को देख कर कहीं ई पेमेंट तो कहीं कैश का प्रयोग कर रहे हैं। ऐसे बदलाव होते रहेंगे।
-अभिनव भाटी, विकास ऑटो व्हील्स।
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नवरात्र-दीपावली में बिक्री 150 फीसदी बढ़ जाती है। बाजार शानदार तरीके से चल रहा है। दरअसल, आज की पीढ़ी का मिजाज बदला हुआ है। उसे जब वाहन लेना है तो ले ही लेगा। वाहनों की बिक्री तीसरी तिमाही में तेजी से बढ़ जाएगी।
-पुनीत शर्मा, आरएस होंडा।
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वित्तीय वर्ष की शुरुआत में अप्रैल से सितंबर तक पहले छह महीने में 40 फीसदी वाहन बिकते हैं, जबकि शेष छह महीने 60 फीसदी वाहन बिकतेे हैं। लगभग यही चक्र हर साल रहता है। इस वर्ष भी ऐसा ही है। वाहनों की बिक्री लगातार बढ़ रही है।
-सुमित अग्रवाल, देव मोटर्स
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बाजार में बदलाव की बयार बह रही है। लोगों में पैसा अलग अलग योजनाओं में लगा कर भविष्य सुरक्षित करने की प्रवृत्ति बढ़ रही है। लगातार नये होटल खुल रहे हैं। होटल सहित बाकी सभी कारोबार में विस्तार हो रहा है। रोज नये व्यापारी बढ़ रहे हैं।
-मानव महाजन, महाजन होटल।
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बाजार में स्किल्ड लोगों की कमी है। सरकार को इस ओर ध्यान देना चाहिए। जिससे ताला, हार्डवेयर, होटल, टूरिज्म सहित सभी सेक्टर बेहतर लोग मिल सके। इससे कारोबार में इजाफा होगा। अलीगढ़ में होटल इंडस्ट्री बढ़ रही है।
-सरदार मनप्रीत सिंह, पाम ट्री होटल।
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कारोबारी समस्याओं से व्यापारियों को उबारने के लिए सरकार को कुछ जरूरी कदम उठाने की जरूरत है। बैंकों से मिलने वाली तमाम सुविधाओं का दायरा और उसे कम से कम वक्त में दिया जाए। अलीगढ़ में होटल उद्योग प्रगति पर है।
-राजकुमार गुप्ता, आर्चिड ब्ल्यू होटल।
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बाजार में पैसे की कमी नहीं है। अब नगद से ज्यादा ई ट्रांजेक्शन हो रहा है। मुझे उम्मीद है कि नवरात्रि से दीपावली के बीच तक बाजार में नगदी का प्रवाह और बढ़ेगा। जिससे रौनक लौटेगी। अब लोगों के पास पहले से ज्यादा विकल्प हैं।
-जितेंद्र गुप्ता, मैलरोज इन होटल।
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एक्सपर्ट की राय:
रियल एस्टेट से लेकर ऑटो सेक्टर तक कहीं भी मंदी नहीं है। फर्क ये हो गया है कि अब लोग अपनी जरूरतों के मुताबिक पैसे खर्च कर रहे हैं। सरकार ने बीएस-4 पर असमंजस को दूर किया है, जिससे ऑटो बाजार दौड़ेगा।
-डॉ. इंदु वार्ष्णेय, अध्यक्ष अर्थशास्त्र विभाग, डीएस कॉलेज
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बाजार में दाल, चावल सहित जरूरी खानेपीने की चीजें महंगी नहीं हैं। हर जगह खरीददार हैं। लोग अपनी खास जरूरत का सब सामान खरीद रहे हैं। बाकी हर तीन चार साल में कुछ परिवर्तन आता है। ये वही परिवर्तन का दौर है।
-डॉ. अनिल वार्ष्णेय, शिक्षक सांख्यिकी एसवी कॉलेज।
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खरीदार से मजदूर तक नगदी का पूरा चक्र घूमने से हर समस्या से निदान मिलेगा। नगदी का प्रवाह त्योहारी सीजन में बढ़ रहा है। नवरात्रि के बाद से ये प्रवाह अपनी पूरी रफ्तार में होगा। पितृपक्ष में भी जरूरत की सभी खरीददारी जारी है।
-सीए अवन सिंह, चेयरमैन बांबे मार्केंटाइल बैंक, दोदपुर।
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चीन के बाद भारत दुनिया का सबसे बड़ा बाजार है। इसलिए दुनिया भर की नजरें भारत पर लगी हैं। छह महीने में बाजार प्र्रगति के रथ पर सवार होगा। बाजार में उतार चढ़ाव नई बात नहीं है। ये एक सतत प्रक्रिया है। त्योहारों में खरीददारी बढ़ेगी।
-विनय कुमार मिश्रा, मंडल प्रबंधक केनरा बैंक।
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बाजार वही पुरानी रफ्तार पकड़ रहा है। हां, वक्त जरूर लग रहा है, ई ट्रांजेक्शन और नगदी प्रवाह दोनों में कारोबार हो रहा है। ये कारोबार अब और बढ़ेगा। भारतीय अर्थव्यवस्था मौसम, सहालग और त्योहारों से बहुत प्रभावित है। दीपावली में बाजार बेहतर हो जाएगा।
-जेपी सिन्हा, वरिष्ठ प्रबंधक केनरा बैंक।
अमर उजाला समृद्धि संवाद का लोगो।- फोटो : CITY OFFICE