देशभर में छपाक को लेकर हुए विरोध के बीच फिल्म उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ और सहारनपुर में रिलीज नहीं हो सकी। बाकी शहरों में फिल्म को रिलीज किया गया। यह फिल्म अलीगढ़ के लिहाज से कुछ खास है। क्योंकि इसमें अलीगढ़ की बेटी जीतू शर्मा निवासी बरौला जाफराबाद, बन्नादेवी है, जो कि खुद तेजाब हमले की पीड़िता है। मगर, उनकी आवाज पर्दे पर गूंजने की बजाय विरोध के सुरों के बीच दब गई।
जीतू ने फिल्म में दीपिका पादुकोण के साथ उसकी सहेली का किरदार निभाया है। अपने ही शहर में फिल्म के रिलीज न होने पर जीतू शर्मा ने दुख जाहिर किया है। उसने कहा है कि फिल्म में एक गहरा सामाजिक संदेश है। लोगों को कला का विरोध नहीं करना चाहिए। ऐसी फिल्मों के जरिये हम एक ऐसे समाज को आइना दिखाते हैं, जो हम लोगों के बीच ही पनप रहा है।
जीतू शर्मा ने बताया कि वह और अन्य तीन तेजाब हमले की पीड़िता लखनऊ की कुंती, हरियाणा के रोहतक की रितू और बिजनौर की बाला भी फि ल्म में अहम किरदार में हैं। फिल्म में दिखाया गया है कि किस प्रकार 20 रुपये की तेजाब की बोतल युवती की पूरी जिंदगी खराब कर देती है। हादसे को किसी प्रकार झेल भी लें, लेकिन समाज उस हादसे को भूलने नहीं देता है। लोग आपत्तिजनक टिप्पणियां करते हैं। शादी न होने के ताने देते हैं। इन सब से जीवन काफ ी संघर्षपूर्ण हो जाता है।