दीनदयाल अस्पताल में निरीक्षण करते प्रमुख सचिव नितिन रमेश गोकर्ण।
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पंडित दीनदयाल उपाध्याय संयुक्त चिकित्सालय पहुंचे प्रमुख सचिव नितिन रमेश गोकर्ण महिला और पुरुष मरीजों के लिए अलग अलग कोरोना वार्ड नहीं होने पर खासे नाराज हुए। वह शनिवार दोपहर यहां निरीक्षण करने पहुंचे थे, उनके यहां आने की खबर के बाद भी इस खामी को दूर नहीं किया गया। इस पर स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी और कर्मचारियों की फजीहत हुई। ये हाल तब था, जबकि डीएम और सीडीओ लगातार अलग-अलग वार्ड बनाने को कह रहे थे।
प्रमुख सचिव ने निरीक्षण के दौरान पाया कि कोविड अस्पताल में महिला एवं पुरुष वार्ड अलग-अलग नहीं बनाए गए हैं। इस पर सीडीओ ने सीएमओ को फटकार लगाते हुए कहा कि लगातार वार्ड अलग बनाने को कहा जा रहा है, इसके बाद भी अमल नहीं हो रहा है। सीडीओ ने नोडल अधिकारी को बताया कि जिलाधिकारी प्रतिदिन दोपहर एक बजे बैठक कर व्यवस्थाओं को सुधारने के संबंध में निर्देशित किया जाता है, परंतुु स्वास्थ्य विभाग पर इसका कोई असर नहीं हो रहा है। लगभग 20 दिन पूर्व शासन से आए सचिव नगर विकास द्वारा भी व्यवस्थाओं को सुधारने के संबंध आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए थे।
सीएमएस डा. एबी सिंह ने बताया कि पूरा अस्पताल सीसीटीवी युक्त है। 100 बेड के अस्पताल में एल-2 की सुविधा दी जा रही है। वर्तमान में सात वेंटीलेटर एवं दस आईसीयू बेड उपलब्ध हैं। 28 संक्रमित व्यक्ति स्वास्थ्य लाभ ले रहे हैं। तीन कोविड आईसोलेशन वार्ड हैं, जिसमें वर्तमान में 12 डाक्टर शिफ्टवार ड्यूटी करते हैं।
इस पर सीडीओ ने डाक्टरों की संख्या बढ़ाने को कहा। उन्होंने कहा कि इस संबंध में लगभग 20 दिन पूर्व ही जिलाधिकारी द्वारा निर्देशित किया गया था कि परंतु अब तक डाक्टर और पैरामेडिकल स्टॉफ की संख्या में वृद्धि न करना लापरवाही है, जिस पर प्रमुख सचिव ने ड्यूटी नहीं कर रहे डाक्टरों की तैनाती कर रिपोर्ट तलब कर ली है। मौके पर प्रमुख सचिव ने नॉन कोविड वार्ड में अलग से डॉक्टर एवं स्टॉफ नर्स की ड्यूटी लगाने के भी निर्देश दिए। इस मौके पर सीएमओ डा. बीपीएस कल्याणी, एडीएम सिटी राकेश मालपाणी, एसीएमओ डा. अनुपम भास्कर, एसीएम द्वितीय रंजीत सिंह उपस्थित रहे।