अलीगढ़ क्लब के चुनाव के बाद नवनिर्वाचित पदाधिकारी व कार्यकाणी सदस्य
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वर्ष 1948 में स्थापित हुए शहर के सबसे प्रतिष्ठित अलीगढ़ क्लब का चुनाव 14 सितंबर को आठ वर्ष बाद कांटे के मुकाबले के बीच संपन्न हो गया। सिर्फ कार्यकारिणी सदस्य के 12 पदों के लिए मतदान हुआ। जिसमें कुल 18 दावेदार मैदान में थे। चार प्रमुख पद के दावेदार पहले ही निर्विरोध निर्वाचित हो चुके हैं। इस क्लब के इतिहास में अरसे बाद ऐसा हुआ है कि सचिव पद पर बजाज-भाटिया गुट सीधे चुनाव में नहीं उतरा, मगर उनके ग्रुप का सचिव सहित अन्य प्रमुख पदों पर दबदबा बरकरार रहा है।
डीएम की अध्यक्षता वाले इस क्लब के चुनाव के लिए अलीगढ़ क्लब परिसर में ही सुबह 10 बजे से मतदान शुरू हो गया। निर्वाचन अधिकारी एडीएम प्रशासन पंकज कुमार की निगरानी में मतदान प्रक्रिया हुई। जिला प्रशासन की टीम मतदान कराने में लगाई गई। दो मत पेटिकाएं रखी गईं थी। कई दिन से चल रही कवायद के बीच मतदान को लेकर सुबह से ही मतदाताओं में काफी उत्साह दिखाई दिया। मतदानकर्मियों ने सदस्यों के पहचान पत्र देखकर मतदान कराया। जिसमें कार्यकारिणी सदस्य के 12 पदों के लिए 18 दावेदार मैदान में थे, जिसमें से मतदाताओं ने 12 के नाम के आगे सही का निशान लगाकर मतदान किया।
शाम पांच बजे तक कुल 370 मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया। 26 मतदाता शहर से बाहर होने, स्वास्थ्य सहित अन्य कारणों के चलते नहीं आ सके। इस तरह कुल 396 में से कुल 93.43 प्रतिशत मतदान हुआ। शाम पांच बजे तक मतदान के बाद छह बजे से मतगणना शुरू हुई। रात दस बजे तक परिणाम स्पष्ट हुआ। इसके बाद वरीयता क्रम में 18 में से निर्वाचित हुए 12 सदस्यों ने समर्थकों के बीच जश्र मनाया गया। सोशल मीडिया पर भी उन्हें बधाई दी जाने लगीं।
इन्होंने किया मतदान
क्लब सदस्य मेयर प्रशांत सिंघल, एमएलसी व भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष तारिक मंसूर, प्रमोद गौड़, ब्लॉक प्रमुख दिवाकर गौड़, भाजपा उपाध्यक्ष वीएस पॉल, विक्रांत गर्ग, बसपा नेता हितेंद्र उपाध्याय बंटी ने भी वोट डाला। पूर्व विधायक जफर आलम, स्वतंत्र प्रकाश गुप्ता, श्रीभगवान, एसपी मित्तल ने स्वास्थ्य कारणों के चलते कार में बैठकर ही मतदान किया।