नारायनी देवी का फाइल फोटो। संवाद
- फोटो : GANGIRI
युवती को घर से भगाने का आरोप लगाने एवं मारपीट करने से क्षुब्ध होकर एक महिला ने जहर खाकर जान दे दी। महिला के जेठ ने युवती के परिजन के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज कराया है। पुलिस ने महिला के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। वहीं, युवती के पिता को पकड़ कर हवालात में बंद कर दिया।
जानकारी के अनुसार, थाना गंगीरी के गांव कुमरौआ निवासी स्वर्गीय महेंद्र सिंह की पत्नी नारायनी देवी (35) गांव के बाहर एक छोटी सी दुकान में गुटखा, बीड़ी बेचती हैं। सोमवार की शाम को एक युवती घर से गायब हो गई। युवती के परिवार वालों ने नारायनी देवी पर युवती को भगाने का आरोप लगाते हएु मारपीट कर दी।
नारायनी देवी ने झूठे आरोप व मारपीट से कुपित होकर दुकान से अपने घर आकर जहर खा लिया और बच्चों के साथ सो गई। मंगलवार की सुबह जब बच्चे जागे तो तब पता चला कि नारायनी देवी की मौत हो गई है। परिवार वालों ने 112 नंबर पर मामले की जानकारी दी। पुलिस ने नारायनी के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा दिया। भागने वाली युवती के पिता को पकड़कर हवालात में बंद कर दिया।
एक साल पहले ही बच्चों के सिर से उठा था पिता का साया
मृतका के जेठ ने युवती के पिता के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज कराया है। पोस्टमार्टम के बाद परिवार वालों ने नारायनी देवी के शव का गांव में पुलिस की मौजूदगी में अंतिम संस्कार किया। नारायनी देवी अपने पीछे चार बच्चों को रोते-बिलखते छोड़ गई।
चारों के सिर से ठीक एक साल पहले आज ही के दिन पिता का साया उठा था। एक साल बाद अब मां की मौत होने से देवेंद्र (12), अर्जुन (08), निर्मला (10), सर्वेश (09) अनाथ हो गए। इधर, जो युवती शाम को घर से गायब हुई थी वह नारायनी देवी की मौत के कुछ घंटे बाद रात को ही घर वापस आ गई थी।