न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़
अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी (एएमयू) के संस्थापक सर सैयद अहमद की याद में 17 अक्तूबर को सर सैयद डे पर अमेरिका की मशहूर इतिहासकार बारबरा को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर और मौलाना आजाद एजूकेशनल फाउंडेशन, नई दिल्ली को राष्ट्रीय स्तर सर सैयद एक्सीलेंस अवार्ड दिया जाएगा।
विश्वविख्यात इतिहासकार और कैलिफोर्निया विश्वविद्यालय, डेविस, यूएसए में इतिहास की एमेरिट्स प्रोफेसर बारबरा डेली मेटकाफ और मौलाना आजाद एजूकेशनल फाउंडेशन, नई दिल्ली को अवार्ड के लिए चयनित किया गया है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर दो लाख और राष्ट्रीय स्तर पर एक लाख रुपये बतौर पुरस्कार दिए जाएंगे। कुलपति प्रो. तारिक मंसूर ने प्रो. एआर किदवई, प्रो. अली मोहम्मद नकवी, डॉ. मोहम्मद शाहिद, तारिक हसन और प्रो. एम शाफे किदवई की सिफारिश पर पुरस्कार विजेताओं के चयन पर अंतिम मुहर लगाई है।
बारबरा, दक्षिण एशिया के इतिहास की प्रख्यात विशेषज्ञ हैं और 1970 के दशक में मुसलमानों से संबंधित मुद्दों से प्रारंभिक परिचय के बाद से वह भारतीय उपमहाद्वीप के मुस्लिम समुदाय के अंदर होने वाले परिवर्तन पर गहरी नजर रखती हैं। उनके शोध ने उन उलमा के बारे में कई भ्रांतियों को दूर कर दिया, जिन्हें ‘परंपरावादी,’ या ‘कट्टरपंथी’ के रूप में देखा जाता था। इन धार्मिक विद्वानों को बारबरा ने एक बौद्धिक और संस्थागत कार्यों में लीन दिखाया है।
मौलाना आजाद एजूकेशनल फाउंडेशन समाज के आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों से संबंधित मेधावी छात्रों को अध्ययन के लिए विभिन्न स्तरों पर छात्रवृत्ति प्रदान करता है। यह विभिन्न उद्देश्यों के लिए शैक्षिक रूप से पिछड़ों अल्पसंख्यकों के लिए काम करने वाली संस्थाओं को वित्तीय सहायता भी देता है, जिसमें सहायता अनुदान योजना के तहत स्कूलों के निर्माण और विस्तार और विज्ञान, कंप्यूटर लैब उपकरण और फर्नीचर की खरीद आदि शामिल है।