ऊपरकोट एवं बाबरी मंडी में बवाल की सूचना पर नगर आयुक्त सत्य प्रकाश पटेल डीआरडीओ तकनीक से तैयार हाईटेक ड्रोन कैमरा लेकर बारहद्वारी पहुंच गए और वहां से ऊपर कोट, जामा मस्जिद, बाबरी मंडी से लेकर देहली गेट तक की गतिविधियों पर नजर रखे हुए हैं। देर रात तक ड्रोन टीम नगर निगम के सिटी ऑफिस में जमी हुई है। रात के मूवमेंट पर भी ड्रोन से नजर रखी जा रही है।
नगर निगम सेवा भवन स्थित इंटीग्रेटेड कंट्रोल एंड कमांड सेंटर में शनिवार को स्मार्ट सिटी परियोजना के अंतर्गत मंगाए गए हाईटेक तीन ड्रोन कैमरों का परीक्षण किया गया। रविवार को ऑन फिल्ड ट्रेनिंग चल रही थी। शाम में सीएए को लेकर ऊपरकोट एवं बाबरी मंडी में बवाल की सूचना मिली। नगर आयुक्त ने तुरंत मंडलायुक्त एवं जिलाधिकारी से बातचीत कर ड्रोन लेकर बारहद्वारी स्थित नगर निगम के सिटी कार्यालय टीम के साथ पहुंच गए।
मंडलायुक्त, डीआईजी, जिलाधिकारी, एसएसपी से लेकर मंडल एवं जिले के तमाम बड़े अधिकारी पहले से ही बवाल वाले क्षेत्र में कानून व्यवस्था बनाने के लिए जद्दोजहद कर रहे थे। शाम से लेकर देर रात तक नगर आयुक्त टीम के साथ नगर निगम के सिटी कार्यालय में जमे रहे। ड्रोन की मदद से ऊपर कोट, जामा मस्जिद, बाबरी मंडी से लेकर देहली गेट तक के एरिया के दृश्य साफ-साफ दिख रहे थे।
कैमरा की शक्ति का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि दो किलोमीटर तक के दृश्य साफ-साफ दिख रहे थे। चेहरे तक पहचाने जा सकते हैं। इसकी एक खासियत यह भी है कि रात में भी इसका उपयोग कर सकते हैं। रात के पिक्चर में चेहरे को पहचानना मुश्किल है लेकिन मूवमेंट दिखाई दे रहा है। नगर आयुक्त सत्य प्रकाश पटेल ने बताया कि ड्रोन कैमरे को 200 से 250 मीटर की ऊंचाई पर ले जाकर आसपास के क्षेत्रों पर नजर रखी गई।
उन्होंने कहा कि स्मार्ट डिवाइस का इस्तेमाल शांति एवं कानून व्यवस्था के लिए भी किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि आज का प्रयोग बहुत सफल रहा। निकट भविष्य में सारा दृश्य इंटीग्रेटेड कंट्रोल एंड कमांड सेंटर के 15 फीट के स्क्रीन पर देखने को मिलेगा।