हरदुआगंज। कलाई के माजरा गांव मीरपुर की प्रसूता आरती की मौत से हरदुआगंज के सीएचसी की नर्स और कर्मचारियों ने कोई सबक नहीं लिया। यहीं कारण कि आए िदन सीएचसी में आने वाली प्रसूता को वो लोग भगा देते हैं। नर्स की लापरवाही ने सोमवार को फिर से इंसानियत को शर्मसार कर दिया और पैरों से माजूर एक विकलांग प्रसूता से अभद्रता करते हुए उसको भगा दिया। पूरे दिन यह प्रकरण चर्चा का विषय बना रहा। हालांकि सीएचसी प्रभारी ने नर्स को इस प्रकरण के बाद डांटा और आगे ऐसा करने पर कार्रवाई की चेतावनी दी।
सोमवार को प्रेमवती पत्नी सुखराम निवासी गोपालपुर, हरदुआगंज सीएचसी पर प्रसव के लिए खुद आई। सीएचसी में तैनात नर्स ने उसका कोई नाम पता और बिना जांच किए ही उसको वहां से भगा दिया। यह विकलांग महिला नर्स के सामने काफी गिड़गिड़ाई लेकिन उसकी सुनवाई नहीं हुई। हद तो तब हो गई जब अस्पताल में मंडल पल्स पोलियो पर्यवेक्षक गौड़ ने नर्स से कहा कि इसको व्हील चेयर या स्ट्रेचर से अंदर ले जाकर इलाज करो, लेकिन फिर भी नर्स का दिन नहीं पसीजा। परेशान होकर दोनों पैरों से विकलांग नौ माह की गर्भवती प्रेमवती इतनी भीषण गर्मी में जमीन पर खिसक-खिसक कर अस्पताल के गेट तक पहुंची और वहां से टेंपो का इंतजार करने लगी। टेंपो आया और उसमें बैठकर चली गई।