न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
सरकार की ओर से खेल को बढ़ावा देना खिलाड़ियों के लिए खुशी की बात है। पं. दीनदयाल उपाध्याय खेल योजना के जरिए सरकार खिलाड़ियों के लिए अच्छा कार्य है। मास्टर खिलाड़ी पूरे उत्साह के साथ हर प्रतियोगिता में भाग लेते हैं। कई खिलाड़ियों का अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर चयन हो जाता है। लेकिन आर्थिक स्थिति के चलते वह देश का नाम रोशन करने से वंचित रह जाते हैं।
सरकार को इस ओर भी कोई ध्यान देना चाहिए। सोमवार को कुशीनगर के 72 वर्षीय कर्नल बी एन मिश्रा के कुछ यही विचार थे। वह अंतर्राष्ट्रीय खिलाड़ी हैं। मास्टर प्रतियोगिता में हैमर थ्रो में भाग लेकर स्वर्ण पदक हासिल किया।
बताया कि एक दर्जन से ज्यादा बार अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर देश के लिए स्वर्ण पदक ला चुके हैं। 1975 में पहली बार जर्काता में आयोजित अंतर्राष्ट्रीय मीट में उन्होंने स्वर्ण जीता था। उनका लक्ष्य खेल के जरिए फिट रहना है।
पहली बार प्रदेश स्तर पर खेल रहीं है पिंकी
नोएडा निवासी पिंकी कुमारी पहली बार प्रदेश स्तरीय मास्टर एथलेटिक्स प्रतियोगिता में भाग ले रहीं हैं। उन्होंने बताया कि वह दौड़ने का काफी शौक है। कई बार शौकिया तौर पर वह स्कूल स्तर पर भाग ले चुकी हैं।
इस प्रतियोगिता में वह 800 मी. व 5 हजार मी. में भाग ले रही हैं। उनका लक्ष्य यहां मेडल हासिल कर राष्ट्रीय स्तर पर खेलने का है।