पंचायत चुनाव के दौरान पुलिस ने आपराधिक इतिहास रखने वाले शस्त्र लाइसेंस धारकों के खिलाफ ऑपरेशन निहत्था चलाया है। अब तक आपराधिक प्रवृत्ति के लोगों के 40 शस्त्र लाइसेंस निलंबित कराए गए हैं ।
एसएसपी कलानिधि नैथानी ने चेतावनी दी है कि सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों पर हथियार लहराए तो कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस द्वारा लाइसेंसी हथियारों का दुरुपयोग रोकने के लिए ऑपरेशन निहत्था चलाया जा रहा है। पुलिस का मानना है कि वह लोग जो आपराधिक प्रवृत्ति के हैं और जिन का आपराधिक इतिहास है, ऐसे लोगों पर हथियार को रखने का कोई कारण नहीं है। इनको निहत्था किया जाना ही आवश्यक है। एसएसपी कलानिधि नैथानी के अनुसार यदि लाइसेंसी का हथियार थाने के माल खाने में जमा है और किसी मुकदमे से संबंधित है तो ऐसे शस्त्र लाइसेंस के निरस्तीकरण की कार्रवाई की जा रही है।
एक एक कारतूस का हिसाब देना होगा
एसएसपी कलानिधि नैथानी के अनुसार यह भी देखा जाएगा के शस्त्र लाइसेंस धारक एक वर्ष में अपने लाइसेंस पर कितने कारतूस खरीदता है। कितने कारतूस उसने खर्च कर दिए।
खर्च किए गए कारतूस के खोखे उसके पास है या नहीं है। यदि यह विवरण उपलब्ध नहीं है तो फिर शस्त्र लाइसेंस धारक के खिलाफ वैधानिक कार्यवाही की जाएगी। इसके अलावा सत्यापन के दौरान अगर यह पाया गया कि शस्त्र लाइसेंस धारक के परिवार के लोग या नजदीकी रिश्तेदार आपराधिक प्रवृत्ति के हैं। उनके द्वारा हथियार के दुरुपयोग होने की संभावना हो सकती है, तो ऐसे मामलों में भी लाइसेंस के निरस्तीकरण की कार्रवाई की जाएगी।
- कहीं पर भी यदि लाइसेंस की शर्तों का उल्लंघन होता है तो 30 आर्म्स एक्ट के अंतर्गत मुकदमा दर्ज करने के लिए निर्देश दिए हैं। सोशल मीडिया पर भी हथियारों का प्रदर्शन बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। पंचायत चुनाव को ध्यान में रखते हुए कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस अधिकारियों को लाइसेंसी हथियार जमा कराने के लिए निर्देशित किया गया है।
- कलानिधि नैथानी, एसएसपी