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ऐलमपुर फर्जीवाड़ा: जांच को पहुंची टीमों को रिजर्व फ्लैटों पर भी मिला अवैध कब्जा

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अभिषेक शर्मा, अमर उजाला, अलीगढ़।
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अमर उजाला की पड़ताल शुरू होने के बाद ऐलमपुर आवास परियोजना में बड़ी कार्रवाई शुरू हो गई है। एक तरफ जहां जिलाधिकारी ने डूडा के परियोजना निदेशक को तलब कर एक-एक रिकार्ड खंगाल कर सख्त कार्यवाही के निर्देश दिए हैं। वहीं कार्यदायी संस्था जल निगम (सीएंडडीएस) और विद्युत विभाग ने अपने स्तर से मौके पर सत्यापन शुरू कर आवास कब्जाने वालों को सूचीबद्ध करना शुरू कर दिया है।


इसी क्रम में गुरुवार को सीएंडडीएस की टीम ने 120 फ्लैटों की जांच की। इस दौरान ब्लॉक 1 से 8 के 96 फ्लैटों में डेढ़ दर्जन फ्लैट ऐसे मिले, जिनके आवंटी आज तक रहने नहीं आये। एक दर्जन फ्लैटों में किरायेदार रह रहे हैं और आधा दर्जन फ्लैटों पर ताले मिले हैं। हैरत तो तब हुई जब टीम ब्लॉक 14 व 15 में पहुंची। इनमें एक लाभार्थी से तो सीएंडडीएस के ओरिजनल प्रपत्र जब्त किए गए। साथ ही 2 ऐसे फ्लैटों पर भी कब्जे मिले, जो अभी तक किसी को आवंटित ही नहीं किये गए हैं। इन्हें डीएम ने आपातकाल के लिए रिजर्व रखा है, लेकिन इन पर भी कब्जा मिला। हालांकि टीम इन रिजर्व फ्लैटों को तत्काल खाली करने का अल्टीमेटम दे गई है। ऐलमपुर फ्लैटों में रह रहे अवैध कब्जेदार और दलालों में इन कार्यवाहियों से हड़कंप मच गया है। अवैध कब्जेदारों के साथ दलाल फोन से लगातार संपर्क में हैं।
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सीएंडडीएस परियोजना प्रबंधक जीके शर्मा ने अमर उजाला की खबरों का संज्ञान लेकर मंगलवार को ही 3 सदस्यीय टीम गठित कर दी थी। इस सत्यापन टीम का अध्यक्ष वरिष्ठ स्थानिक अभियंता इंजी सुनील कुमार दोहरे को बनाया है। स्थानिक अभियंता इंजी अश्वनी कुमार व लवी चौधरी भी टीम में शामिल किए गए हैं। गुरुवार से टीम ने सत्यापन शुरू कर दिया है।


इधर, फर्जी आईडी पर विद्युत कनेक्शन लेने के खुलासे पर विद्युत टीम ने भी ऐसे कनेक्शन की तलाश शुरू कर दी है। गुरुवार को विभाग ने ब्लॉक 28 के, ब्लॉक 19 के, ब्लॉक 18 के, ब्लॉक 16 के, ब्लॉक 17 के फ्लैटों के कनेक्शन व उनसे जुड़े दस्तावेज तलाशे। इनमें फ्लैट 28 जीबी पर संदेह है। इस फ्लैट के कनेक्शन में वोटर आईडी तो आवंटी वासुदेव के नाम की दाखिल है, जबकि फोन नंबर कॉलोनी चौकीदार का अंकित है। इसी तरह फ्लैट 19 एससी पर एक दलाल का कब्जा रहा है। तीसरा दलाल रामनगर आईटीआई रोड से ही आवंटन पत्र व रसीद तैयार करता था। बिजली टीम को इन दोनों फ्लैट सहित आधा दर्जन फ्लैटों पर ताले मिले।


शायद उन्हें टीम के आने की भनक थी। वहीं इनमें से 7 फ्लैट ऐसे भी मिले जिनमें कनेक्शन ही नहीं था। शेष सभी को फिर से दस्तावेज देने को कहा है। दस्तावेज न देने वालों को कनेक्शन रद्द करने की चेतावनी दी गई है। ताला बंद कर छिपने वालों को भी कनेक्शन रद्द करने की चेतावनी जारी की है।


वरिष्ठ स्थानिक अभियंता के नेतृत्व में 3 सदस्यीय टीम गठित कर दी है। टीम को आदेश जारी किए हैं कि वो डूडा से लाभार्थियों की सूची लेकर उसका मिलान स्थलीय निरीक्षण कर मौके पर रहे लोगों से करे और फ्लैटों में रह रहे वास्तविक लाभार्थियों एवं अनाधिकृत लोगों की सूची उपलब्ध कराए। इस दौरान फोटोग्राफी भी की जाएगी। टीम ने सत्यापन शुरू कर दिया है। अनाधिकृत लोगों को चिन्हित कर उन पर आगे की कार्यवाही भी की जाएगी।
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- जीके शर्मा, परियोजना प्रबंधक सीएंडडीएस

मामले को गंभीरता से लिया गया है। पीओ डूडा को इस मामले से संबंधित कागजात खंगालने के आदेश दिए गए हैं। मतगणना के बाद मामले की बारीकी से जांच कराकर आरोपियों के विरुद्घ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
- चंद्रभूषण सिंह, डीएम
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