मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत अलीगढ़ में 28 दिसंबर को करीब 300 जोड़े सात फेरे लेकर परिणय सूत्र में बंधेंगे। समाज कल्याण विभाग ने भव्य आयोजन को लेकर तैयारी शुरू कर दी है। जिला स्तर से सभी ग्राम पंचायतों एवं नगरीय निकायों से पात्र लाभार्थियों की सूची मांगी गई है। जनप्रतिनिधि एवं प्रशासनिक अफसरों की मौजूदगी में इस सामूहिक विवाह का आयोजन होगा।
प्रदेश सरकार ने पात्र कन्याओं के हाथ पीले करने के लिए मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना संचालित की हुई है। इसके तहत हर साल सैकड़ों सामूहिक विवाह संपन्न कराए जाते हैं । सरकार इस योजना के तहत 51 हजार रुपये प्रति जोड़ा खर्च करती है। इसमें 35 हजार रुपये सीधे लाभार्थियों के खाते में पहुंचते हैं। 16 हजार रुपये अन्य व्यवस्थाओं पर खर्च होते हैं। इनमें 10 हजार रुपये जोड़े को उपहार एवं सामान के लिए निर्धारित किए गए हैं। बचे हुए छह हजार रुपये विवाह समारोह में खर्च किए जाते हैं।
जिले में इस वित्तीय वर्ष में कुल 1700 जोड़ों की शादी का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इनमें 253 लाभार्थियों की शादी पूर्व में ही हो चुकी है। अब 28 दिसंबर को इस वित्तीय वर्ष का दूसरा आयोजन होना है। इनमें करीब 300 जोड़े परिणय सूत्र में बंधेंगे।
जिला समाज कल्याण अधिकारी सूरज कुमारी ने बताया कि मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत समारोह को लेकर तैयारी शुरू हो गई है। जिले के सभी ग्राम पंचायत, नगर पंचायत, नगर पालिका एवं नगर निगम से पात्र जोड़ों की सूची मांगी गई है। लाभार्थियों की पात्रता को लेकर इस बार विशेष सतर्कता बरती जा रही है।