इकाई स्थापना स्कीम में कम अनुदान मिलने की होगी जांच
ब्यूरो, अमर उजाला, अलीगढ़।
औद्योगिक इकाइयों की स्थापना के लिए ऋण लेने पर 35 फीसदी के बजाय मात्र 25 फीसदी अनुदान मिलने की शिकायत पर कमिश्नर ने कड़ी नाराजगी जताई है। उन्होंने इस मामले में जिम्मेदारी तय कर दोषी को दंडित करने के आदेश जारी कर दिए हैं।
शनिवार को मंडलीय उद्योग बंधुओं की बैठक में तालानगरी औद्योगिक एसोसिएशन के चेयरमैन चंद्रशेखर शर्मा ने यह मामला उठाया था। उन्होंने बताया कि आशा शर्मा हार्डवेयर लाक्स तालानगरी इकाई की स्थापना के लिए 25 लाख का ऋण लिया था। योजना के तहत इस पर 35 फीसदी अनुदान मिलना था, लेकिन मिला मात्र 25 फीसदी।
यूपीएसआईडीसी के क्षेत्रीय प्रबंधक टीके राय ने सफाई दी कि इस संबंध में निदेशालय स्तर पर पत्राचार किया गया है। मंडलायुक्त सुभाष चंद शर्मा ने कहा कि उन्होंने हाथरस के पुरदिल नगर का दौरा किया था। वहां पर मूंगा-मोती बनाने का काम होता है। मूंगा-मोती उद्यम से जुड़े शेर अली से बातचीत हुई तो शेर अली ने कहा खादी एवं ग्रामोद्योग विभाग से लघु उद्योग की स्थापना के लिए ऋण मिलने की उन्हें जानकारी नहीं है।
उन्होंने अफसरों को निर्देश दिए कि सूक्ष्म एवं लघु उद्योगों की स्थापना के लिए विभागों द्वारा दी जा रही सुविधाओं की जानकारी जगह-जगह शिविर का आयोजित कर लोगों को उपलब्ध कराई जाए। मंडलायुक्त ने प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम की समीक्षा में पाया गया कि 270 इकाईयों के स्थापना लक्ष्य के सापेक्ष 148 प्रस्तावों को स्वीकृत करते हुए 51 औद्योगिक इकाईयों को ऋण बांट दिए हैं।
खादी परिक्षेत्रीय ग्रामोद्योग बोर्ड द्वारा संचालित योजना के तहत 235 के सापेक्ष 78 की स्वीकृति प्रदान करते हुए 33 इकाईयों को एवं खादी और ग्रामोद्योग आयोग के तहत 170 के सापेक्ष 26 इकाईयों को स्वीकृति प्रदान करते हुए 26 इकाईयों ऋण बांटे गए। इस मौके पर बड़ी संख्या में व्यापारी एवं अफसर मौजूद थे।