रालोद ने फूंका पीएम का पुतला, पूर्व विधायक समेत 25 पर मुकदमा
ब्यूरो, अमर उजाला अलीगढ़।
नोटबंदी का एक साल पूरा होने पर रालोद ने केंद्र सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया और तस्वीर महल चौराहे पर पीएम मोदी का पुतला फूंका। पुलिस की रालोद नेताओं से तीखी नोकझोंक हुई। पुलिस एक कार्यकर्ता को पकड़कर थाने ले गई। बाद में रालोद नेता वहां पहुंच गए और दबाव डालकर कार्यकर्ता को छुड़ाया। इस मामले में पूर्व विधायक समेत पांच नामजद और करीब 20 अज्ञात लोगों के खिलाफ पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया है।
रालोद जिलाध्यक्ष रामबहादुर चौधरी, महानगर अध्यक्ष अब्दुल्ला शेरवानी, पूर्व विधायक भगवती प्रसाद सूर्यवंशी, मेयर प्रत्याशी प्रतीक चौधरी, छात्र नेता जियाउर्रहमान की अगुवाई में कार्यकर्ता तस्वीर महल चौराहे के निकट एकत्रित हुए। रालोद कार्यकर्ताओं ने जमकर नारेबाजी की और नोटबंदी के फैसले को जनता विरोधी बताया। इसके बाद रालोद कार्यकर्ताओं ने पीएम मोदी का पुतला फूंका। इसी दौरान वहां इलाका पुलिस पहुंच गई। कहासुनी के बाद रालोद नेता डॉ. हरचरण को हिरासत में ले लिया और थाने ले गई। इस पर रालोद नेताओं में रोष व्याप्त हो गया। वे थाने पहुंच गए और डॉ. हरचरण को रिहा करने की मांग की। बाद में पुलिस ने उन्हें छोड़ दिया। इस प्रदर्शन में कुलदीप चौधरी, मंडल अध्यक्ष संजीव चौधरी, देवजीत सिंह, फूल सिंह धनगर एड., डॉ. इरफान, सनी चौधरी, लव बंसल एड., लोकेंद्र फौजदार, साबिर मालिक, मौ. शरीफ , शैलेश रावत एड. आदि मौजूद थे।
इंस्पेक्टर सिविल लाइन ने बताया कि पीएम का पुतला फूंकने के मामले में जिला पंचायत सदस्य पति हरचरण सिंह, छात्र नेता जियाउररहमान, खैर से विस प्रत्याशी रहे ओमपाल, खैर के पूर्व विधायक भगवती प्रसाद सूर्यवंशी, कुलदीप और करीब 20 अज्ञात लोगों पर मुकदमा दर्ज किया गया है। हरचरण को जमानत पर रिहा किया गया है।