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कूड़े के ढेर में सुलग रही टकराव की चिंगारी

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न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
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कूड़े के ढेर में सुलग रही टकराव की चिंगारी, शहर में विभिन्न स्थानों पर बनाए गए कूड़ा कलेक्शन सेंटरों से फैलने वाली गंदगी और बदबू टकराव का कारण बन सकती है। देहली गेट क्षेत्र में एक कूड़ा डलाबघर को लेकर ऐसी ही स्थिति बनी हुई है।

इसके अलावा शहर में ऐसे कई स्थान हैं, जहां पर कूड़े के डालने को लेकर दुकानदारों में अक्सर नोकझोंक की स्थिति बन जाती है। इस बात को ध्यान में रखते हुए सिटीजन वेलफेयर सोसायटी की ओर से नगर निगम को पत्र लिखा गया है।
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देहली गेट के तुर्कमान गेट में तीन वर्ष पहले एक डलाबघर की जगह पर सरकारी नलकूप लगाया गया था। कूड़े की यह जगह शिफ्ट करके ट्रांसफार्मर के आगे बीच सड़क पर कर दी गई थी।

इस पर लोगों ने विरोध किया तो लोगों को पुराने डलाबघर के पास बने ट्यूबवेल के खराब होने की बात कही गई और भरोसा दिया कि कुछ दिन बाद कूड़ा डलाबघर पुरानी जगह ही शिफ्ट कर दिया जाएगा, लेकिन यहां पर लगातार कूड़ा पड़ता है। अब स्थिति यह है कि एक ही समुदाय के दो वर्ग डलाबघर को यहां से हटाने और न हटने देने के लिए आमने-सामने हैं।

शहर में रेलवे रोड, रसलगंज, सराय हकीम, महावीर गंज, बारहद्वारी, अब्दुल करीम चौराहा, हाथरस अड्डा, रामघाट रोड आदि ऐसे इलाके में जहां पर दुकानदारों में अक्सर इस बात को लेकर विवाद होता है कि अपनी दुकान, होटल आदि का कूड़ा उनकी दुकान के आगे ढेर पर क्यों डाला जा रहा है। दुकानदारों की दलील होती है कि कूड़ा आपका हमारी दुकान के सामने क्यों?

यह हैं शहर के बड़े कूड़ा कलेक्शन प्वाइंट
अब्दुल करीम चौराहा, मछली बाली गली रसलगंज, जिला अस्पताल के सामने, महावीर गंज, बारहद्वारी, कोयले वाली गली के सामने सराय हकीम, पुराने मसूदाबाद अड्डे के पास, होली चौक जमीराबाद, शिवपुरी चौराहा, हाथरस अड्डा, खिरनी गेट पुलिस चौकी, सेंटर प्वाइंट, मैरिस रोड पर एएमयू स्कूल के बाहर, अब्दुल्ला अपार्टमेंट के सामने, रेलवे रोड पर तीन जगह, रामघाट रोड पर किशनपुर तिराहे के पास
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अंडरग्राउंड डस्टबिन पड़े हैं खाली
खुले में कूड़े की समस्या से निजात पाने के लिए अंडर ग्राउंड कूड़ेदान बनाए गए, लेकिन देखा जा रहा है कि लोग इनका प्रयोग नहीं कर रहे हैं। गीला कूड़ा और सूखे कूड़े के लिए अलग-अलग कंटेनर हैं, लेकिन दोनों कंटेनरों में बिना पृथक किए ही कूड़ा डाला जा रहा है।
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