पेट्रोल चोरी में फंसे पूर्ति विभाग के अफसर
ब्यूरो, अमर उजाला, इगलास (अलीगढ़)।
मथुरा से पेट्रोल, डीजल लेकर निकलने वाले टैंकरों से तेल चोरी का खुलासा करने में खुद पूर्ति विभाग के अधिकारी फंस गए। पेट्रोल चोरी करने के आरोप में क्षेत्रीय खाद्य निरीक्षक एवं पूर्ति निरीक्षक समेत चार के खिलाफ इगलास कोतवाली में एफआईआर दर्ज हुई है।
इन सभी पर टैंकरों से करीब सात हजार लीटर पेट्रोल चोरी का आरोप लगाया गया है। ट्रांसपोर्टर की तहरीर पर छह माह बाद यह कार्रवाई होने से पूर्ति विभाग में हड़कंप है।
बताते चलें कि मथुरा रिफाइनरी से पेट्रोल डीजल लेकर निकले वाले टैंकरों के चालकों द्वारा रास्ते में पेट्रोल, डीजल बेचने के खेल का खुलासा करते हुए 22 जून को पूर्ति विभाग की टीम ने दो टैंकरों को पकड़ा था। इनमें एक ट्रक राजस्थान एवं एक यूपी के नंबर का था।
डीएम के आदेश पर दोनों टैंकरों के चालकों के खिलाफ क्षेत्रीय खाद्य निरीक्षक विमल सिकरवार एवं पूर्ति निरीक्षक नेत्रपाल की ओर से आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी।
इस मामले में भारत आल ट्रांसपोर्ट के मोहन शर्मा निवासी ग्राम इब्राहीमपुर थाना रूपबास जिला भरतपुर ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक को प्रार्थना पत्र देकर खाद्य विभाग के अधिकारियों एवं पेट्रोल पंप संचालक पर दोनों टैंकरों से क्रमश: 3125 लीटर व 4063 लीटर पेट्रोल चोरी करने का आरोप लगाया था।
एसएसपी के आदेश पर मोहन शर्मा की ओर से क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी विमल कुमार सिकरवार, पूर्ति निरीक्षक नेत्रपाल सिंह पुंढीर, विपुल प्रताप सिंह पूर्ति लिपिक, एवं अशोक कुमार मैनेजर एचएस फिलिंग स्टेशन के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज हुई है।
- पुलिस की सूचना पर पूर्ति विभाग की टीम मौके पर गई थी। अपर पुलिस अधीक्षक देहात डा. यशवीर सिंह व पुलिस उपाधीक्षक आलोक कुमार सिंह की मौजूदगी में जिलाधिकारी के अनुमोदन पर कार्रवाई की गई थी। आरोपियों की तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया जाना दुर्भाग्यपूर्ण है। - विमल सिकरवार, क्षेत्रीय खाद्य अधिकारी।
- तेल चोरी कर बेचे जाने पर ही आरोपियों के खिलाफ पूर्ति विभाग की टीम ने मुकदमा दर्ज कराया था। पूरी कार्रवाई की वीडियो रिकार्डिंग है। यह रिकार्डिंग विवेचक को जांच के दौरान उपलब्ध कराई जाएगी। - नीरज सिंह, जिला पूर्ति अधिकारी।