एएमयू के 17 छात्र डेंगू की चपेट में
- फोटो : अमर उजाला
एएमयू बीटेक फाइनल ईयर के छात्र साबिर हुसैन की डेंगू से मौत के बाद कैंपस एवं जेएन मेडिकल कॉलेज में खलबली मच गई है। डेंगू से पीड़ित करीब 16-17 छात्र जेएन मेडिकल कॉलेज में उपचार करा रहे हैं।
एएमयू के सर सुलेमान हॉल में रहने वाले बीटेक सिविल इंजीनियरिंग के तृतीय वर्ष के छात्र सूफियान, बीटेक द्वितीय वर्ष के फरहान, बीटेक प्रथम वर्ष के मो. उस्मान, फिरदौसनगर में रहने वाले एमबीए उत्तीर्ण छात्र खालिद सिद्दीकी, एमटेक द्वितीय वर्ष के प्रवीण कुमार, बीएम हॉल के बीएससी छात्र शाहरुख, एसजेड हॉल के बीएससी छात्र असद अजहर, एसएस साउथ हॉल के छात्र मो. आलम समेत करीब 16-17 छात्र जेएन मेडिकल कॉलेज के वार्ड नंबर 11 में भर्ती हैं।
वार्ड में भर्ती छात्र चिकित्सक एवं कर्मचारियों के व्यवहार से संतुष्ट नहीं हैं। कुछ छात्रों ने कहा कि साबिर को बेहतर उपचार मिलता तो बच जाता। छात्रों की यह भी शिकायत है कि एएमयू के हॉलों में साफ-सफाई का अभाव है और दवा का छिड़काव नहीं हो रहा है। इसकी वजह से छात्र डेंगू एवं मलेरिया की चपेट में आ रहे हैं।
छात्र की मौत की घटना के बाद एएमयू एवं जेएन मेडिकल प्रशासन ने भर्ती छात्रों की बेहतर तरीके से देख रेख का निर्देश दिया है।
उनके लिए अलग से व्यवस्था करने के भी निर्देश दिए गए हैं। एएमयू के हॉलों में दवा का छिड़काव भी शुरू कर दिया गया है। मेडिकल में भर्ती छात्रों को देखने के लिए छात्र नेताओं एवं छात्रों का तांता लगा हुआ है। मेडिकल के वार्ड 11 में सिस्टर ने बताया कि करीब 16-17 छात्र डेंगू से पीड़ित हैं।
उनका विशेष ख्याल रखा जा रहा है।