क्राइम न्यूज, अमर उजाला, अलीगढ़।
आठ वर्ष पहले दहेज उत्पीड़न और उसके बाद की गई विवाहिता की हत्या में अदालत ने आरोपी पति को सात वर्ष की कैद और 50 हजार रुपये जुर्माना अदा करने की सजा सुनाई है।
गंगीरी के रहने वाले राकेश कुमार यादव ने अपनी बेटी सुषमा देवी की शादी 24 जून 2010 को रतरोई के रहने वाले राहुल पुत्र महेश यादव के साथ की थी। शादी के बाद से ही सुषमा के उत्पीड़न का सिलसिला शुरू हो गया।
उससे दहेज के लिए पैसों और सामान की मांग की जाने लगी। मायके पक्ष ने 50 हजार रुपये और दे दिए। लेकिन ससुराल पक्ष संतुष्ट नहीं हुआ। इसके बाद 8 अगस्त 2011 को थाना गंगीरी पुलिस ने राकेश कुमार यादव को सूचना दी कि उनकी बेटी आग से जल गई है और इस समय जेएन मेडिकल कालेज में भर्ती है।
सूचना के बाद जब राकेश कुमार मेडिकल कालेज पहुंचे तो वहां से ससुराल वाले भाग गए थे। इसके बाद पति, ससुर और सास के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया।
मामले की सुनवाई अदालत में हुई। यहां पर पति को दोषी माना गया व अन्य को दोष मुक्त कर दिया गया। पति राहुल को अदालत ने सात वर्ष की कैद और 50 हजार रुपये जुर्माना अदा करने की सजा सुनाई गई है।