न्यूज डेस्क अमर उजाला हाथरस
सादाबाद। ताज ट्रिपेजियम जोन में आने वाले सादाबाद नगर और क्षेत्र में बिजली की जबर्दस्त कटौती से लोगों में आक्रोश गहरा रहा है। दिन-रात दोनों शिफ्टों में की जा रही कटौती से काम-धंधे प्रभावित हुए हैं। नगर में चल रहे धार्मिक कार्यक्रम भी कटौती से बुरी तरह से प्रभावित हैं। गुरुवार को गुस्साए अधिवक्ताओं ने सीओ दफ्तर के निकट प्रदर्शन कर नारेबाजी की।
दी बार एसोसिएशन के अध्यक्ष सुरेंद्र पाराशर ने कहा कि बिजली महकमा सुप्रीम कोर्ट के आदेशों की अवहेलना कर रहा है। टीटीजेड में 24 घंटे बिजली के आदेश हैं, लेकिन 10 घंटे बिजली भी नहीं दी जा रही। बिजली महकमे के अधिकारी न्यायालय की अवमानना कर रहे हैं।
बिजली की अघोषित कटौती से नगर के उद्योग-धंधे बुरी तरह से प्रभावित हैं। वहीं सामाजिक कार्यक्रमों में भी बिजली की कटौती बाधा बन रही है। अध्यक्ष ने बताया कि बार द्वारा शीघ्र ही उच्च न्यायालय में अवमानना याचिका दाखिल की जाएगी। प्रदर्शन में सचिव राजेश आर्य, कुंजिल सिंह, अखिलेश चौधरी, बहादुर सिंह, राजेश शर्मा, विशंभर सिंह, जयपाल सिंह, दीपक दीक्षित, मनोज सिंह आदि मौजूद थे।
सादाबाद। सादाबाद में हो रही अघोषित बिजली कटौती को लेकर सादाबाद के पूर्व विधायक डॉ. अनिल चौधरी ने कहा कि रामभक्त भाजपा सरकार में सादाबाद में रामबारात के दिन ही बिजली गुल कर दी गई। आयोजकों को अंधेेरे में राम बारात निकालनी पड़ी। वहीं, कस्बे में रामलीला आयोजन चल रहा है, लेकिन बिजली तब ही गुल हो जाती है, जब रामलीला आयोजन शुरू होता है। आखिर कैसी रामभक्त सरकार है ये। किसान भी बिजली नहीं मिलने से परेशान हैं। सिंचाई के अभाव में फसलें सूख रही हैं। उन्होंने बिजली महकमे के अफसरों को चेताया कि यदि सादाबाद में बिजली की स्थिति नहीं सुधरी तो अधिकारियों का घेराव किया जाएगा।