न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
आंधी के कारण रविवार रात को एक बार से जनजीवन अस्त व्यस्त हो गया। शहर भर की बिजली विद्युत विभाग ने एतिहातन बंद कर दी। बिजली गुल होने के कारण शहरवासियों की रातभर नींद खराब रही। मच्छरों ने बच्चों से लेकर बड़ों तक की नींद दुश्वार कर दी। इधर, आंधी के कारण शहर में कई स्थानों पर लगे बैनर-होर्डिंग्स उखड़ गए। इसके कारण रास्तों पर जाम की स्थिति बन गई। प्रशासनिक स्तर पर मदद न मिलने पर लोगों ने खुद ही सड़कों पर पड़े बैनर-होर्डिंग्स को हटाया।
रविवार रात को करीब 9:30 बजे तेज हवा के झोके के साथ करीब 30 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से हवाएं चलने लगीं। शहरभर की सड़कों पर धूल के गुबारों ने राहगीरों का निकलना दुश्वार कर दिया। आधा घंटे तक दोपहिया वाहनों और पैदल सड़कों पर चल रहे लोग जहां के तहां थम गए। विद्युत विभाग ने पोलों और विद्युत तारों के गिरने की संभावना के चलते बिजली बंद कर दी। शहर के क्वार्सी, बन्नादेवी, देहलीगेट, गांधी पार्क, सासनी गेट, सिविल लाइंस के रिहायशी इलाकों की बिजली गुल होने के कारण लोग बेचैन होने लगे। आधी रात के बाद बिजली पुनरू सुचारु की गई।
विष्णुपुरी ट्रांसफार्मर में आग से आधा दर्जन घरों के विद्युत उपकरण फुंके
महानगर के रामघाट रोड स्थित विष्णुपुरी इलाके में गंगा सरन प्रेस के पास लगे ट्रांसफार्मर में शुक्रवार को लगी आग ने आधा दर्जन क्षेत्रवासियों के घरों के विद्युत उपकरण फूंक दिए। इसके कारण क्षेत्र के लोगों में रोष है। वह विद्युत विभाग के अधिकारियों पर ट्रांसफार्मर के रखरखाव में लापरवाही का आरोप लगा रहे हैं। ट्रांसफार्मर में आग से पंकज अग्रवाल के घर के एसी, टीवी, दिलीप शर्मा के घर के टीवी, विशाल के घर में टीवी, सेटअप बॉक्स, किशोर चौहान के घर से दो टीवी और सेट टॉप बॉक्स, केसी गुप्त के घर में टीवी, पंखा, बल्ब और रविंद्र शर्मा के घर में फ्रिज और बल्ब फुंक गए। नुकसान के कारण क्षेत्रवासियों में काफी रोष है। बता दें कि गंगा सरन प्रेस के पास लगे ट्रांसफार्मर में शुक्रवार की सुबह को आग लगी थी। देखते ही देखते ऊंची लपटे उठने लगीं। क्षेत्रवासियों ने मिट्टी और रेत डालकर आग पर काबू पाना चाहा मगर आग नहीं बुझी। सूचना पर एक घंटे बाद विद्युत विभाग के अधिकारी पहुुंचे। उन्होंने तत्काल लाइन को बंद करवाकर आग पर काबू पाया था।
पारिवारिक कलह के चलते किसान ने खाया जहरीला पदार्थ, मौत
अलीगढ़। जनपद के मडराक थाना क्षेत्र के गांव बढ़ौली फतेहखां के एक किसान ने जहरीला पदार्थ खाकर अपनी जान दे दी। घटना के पीछे घरेलू कलह की बात सामने आ रही है।
लाल किशन लोधी (49) पुत्र विशंबर सिंह ने शनिवार की रात विषाक्त पदार्थ खा लिया था। घटना की पता लगने पर परिजनों के होश उड़ गए। आनन-फानन में उसे इलाज के लिए लेकर गए। मगर, अस्पताल पहुंचने से पहले ही किसान ने दम तोड़ दिया। इसके बाद परिवार के लोगों ने बिना पुलिस को खबर दिए ही अंतिम संस्कार कर दिया। रविवार को मामला खुल गए। गांव में पुलिस पूछताछ के पहुंची। हालांकि गांव वालों ने घटना के पीछे की जानकारी होने से मना कर दिया। मृतक तीन भाइयों में सबसे बड़ा था। पत्नी व पांच बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल है। मडराक इंस्पेक्टर सुरेश चंद्र के अनुसार मामले की छानबीन जारी है। आत्महत्या के पीछे घरेलू कलह की वजह सामने आ रही है।
जमालपुर कांड भाजपा की साजिश: कांग्रेस
अलीगढ़। पूर्व जिला कांग्रेस अध्यक्ष गिरवर शर्मा ने कहा है कि जमालपुर में हुई घटना भाजपा की साजिश हो सकती है। क्यों कि वहां पर सांसद के व्यक्तियों का पहुंचना खुली राजनैतिक साजिश का संकेत देता है, क्योंकि ये लोग एक लंबे अरसे से उन घटनाओं को अंजाम देना चाहते हैं, जिनसे वोट की खातिर लोगों को गुमराह कर सकें। शर्मा ने कहा कि एक दिन पूर्व पूर्व सांसद और कांग्रेस प्रत्याशी चौधरी बिजेंद्र सिंह ने जिलाधिकारी और पुलिस कप्तान को अवगत करा दिया था कि फ्री में वोट पाने के लिए अलीगढ़ में कहीं भी किसी घटना को अपने साथ अंजाम दे सकते हैं। जिला प्रशासन सच्चाई को उजागर करे और भाजपा के दबाव में ऐसी कोई कार्रवाई न करे जिससे दोनों पार्टियों की मिली जुली साजिश चुनाव को कलंकित न कर सके।