किशनी। राष्ट्रीय राजमार्ग के चौड़ीकरण से प्रभावित परिवारों की महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए एक महत्वपूर्ण पहल की गई है। ग्रीन नेशनल हाइवे कॉरिडोर परियोजना और मिनिस्ट्री ऑफ रोड ट्रांसपोर्ट एंव हाइवे ने संयुक्त रूप से खि़दरपुर पंचायत घर पर एक 20 दिवसीय ब्यूटीपार्लर प्रशिक्षण शिविर आयोजित किया। इस कौशल उन्नयन कार्यक्रम में राष्ट्रीय राजमार्ग-92 (बेवर से कर्री गांव तक) के निर्माण से प्रभावित फरेंजी, जटपुरा और खि़दरपुर की लगभग पचास पंजीकृत महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
बहराइच से डोमिन स्किल की रूपल और सेल्फ़ एम्प्लॉयमेंट ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट बेंगलुरु की राष्ट्रीय प्रशिक्षक अनीता डोमिन ने प्रतिभागियों को पंजाबी ब्राइडल चोटी और थ्रेडिंग जैसी तकनीकों का प्रशिक्षण दिया। मिनिस्ट्री ऑफ रोड ट्रांसपोर्ट एंव हाइवे की जेंडर एक्सपर्ट विनीता त्रिपाठी ने इस प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य महिलाओं को रोजगार के अवसर प्रदान करना और उन्हें सफल उद्यमी के रूप में स्थापित करना बताया। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि 20 दिनों के प्रशिक्षण के बाद महिलाओं को सरकारी योजनाओं से जोड़ा जाएगा ताकि वे अपने ब्यूटीपार्लर स्थापित कर सकें और फ्रीलांसिंग ब्राइडल सेवाएं प्रदान कर सकें। उनका मानना है कि स्व-रोजगार से जुड़कर महिलाएं न केवल आर्थिक रूप से सशक्त होंगी बल्कि उनके व्यक्तित्व का भी विकास होगा। उन्हें बैंक से ऋण प्राप्त करने, मार्केटिंग प्रबंधन सीखने और बाजार में अपनी पहचान बनाने के लिए भी मार्गदर्शन दिया जाएगा। प्रशिक्षण पाठ्यक्रम में फेशियल, थ्रेडिंग, हेयर कटिंग, मैनीक्योर, पेडीक्योर, थर्मोहब और ब्लीचिंग जैसी विभिन्न ब्यूटी ट्रीटमेंट तकनीकों को शामिल किया गया है।
इस अवसर पर सीनियर फैकल्टी अवनीश यादव, महिला उत्थान समिति की जिलाध्यक्ष ममता सिंह, नावार्ड के विवेकानंद यादव और सोशल एक्सपर्ट योगेंद्र राय सहित सुशीला, रानी श्रीवास्तव, प्रतिज्ञा, ललिता और श्वेता जैसी ब्यूटीशियन प्रशिक्षक भी उपस्थित थीं, जिन्होंने महिलाओं को प्रेरित किया और उनका मार्गदर्शन किया।