ये बोले आजाद
नव नियुक्त जिलाध्यक्ष आजाद सिंह का कहना है कि आगरा दलितों की राजधानी रहा है। बाबा साहब के अनुयायी और समाजवादी पार्टी मिलकर आगरा में संगठन का निर्माण करेंगे। मुझे जिम्मेदारी देकर सपा मुखिया अखिलेश यादव ने दलितों को आगे बढ़ाने का काम किया है। जाटव समाज से आने वाले आजाद ने बताया कि वह 2012 से 2015 तक बसपा जिलाध्यक्ष रहे थे। 2016 से 17 तक आगरा-अलीगढ़ मंडल और फिर 2018 में बरेली-मुरादाबाद मंडल के बसपा से काेऑर्डिनेटर रहे। 2019 में उन्हें मेरठ मंडल का मुख्य जोन इंचार्ज बनाया। 2020 में हुए जिला पंचायत चुनाव के दौरान आजाद ने सपा की सदस्यता ग्रहण की।
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एक महीने से चल रही थी कवायद
आगरा में नए जिलाध्यक्ष पद के लिए एक महीने से सपा में कवायद चल रही थी। आजाद सिंह ने लखनऊ में सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव से भेंट कर दावा पेश किया था। जिले में अनुसूचित वर्ग की आबादी 4 से 5 लाख है। अगले महीने होने वाले नगर निकाय चुनाव में नव नियुक्त जिलाध्यक्ष की अग्निपरीक्षा होगी।