सूर सरोवर पक्षी विहार कीठम झील स्थित भालू संरक्षण केंद्र में भालुओं को सर्दी से बचाने के लिए खास इंतजाम किए हैं। केंद्र के मीडिया प्रभारी श्रेष्ठ पचौरी ने बताया कि संरक्षण गृह में 88 भालू हैं, जिसमें 49 मादा 39 नर भालू हैं। उनकी सेहत और आराम को ध्यान में रखते हुए उनके भोजन और रहने वाले बाड़ों में खास बदलाव किए गए हैं।
उनके भोजन में बाजरा का बना गरमा-गरम दलिया, प्रोटीन से भरपूर चिकन शोरबा, उबले अंडे और अतिरिक्त ऊर्जा के लिए खजूर शामिल किए जा रहे हैं। ठंड में प्रतिरोधक शक्ति बढ़ाने के लिए पशु चिकित्सकों की निगरानी में विटामिन और लीवर टॉनिक भी दिए जा रहे हैं, ताकि भालू मजबूत और स्वस्थ बने रहें। ठंड से बचाव के इंतज़ाम सिर्फ भोजन तक सीमित नहीं हैं। केंद्र में भालुओं के बैठने और सोने के लिए धान का भूसा, सूखी घास और अन्य गर्म सामग्री से बने नरम बिस्तर बाड़ों, मांदों और झूलों में बिछाए गए हैं।
आर्थराइटिस से पीड़ित भालुओं के लिए विशेष रूप से हीटर लगाए गए हैं, जिससे उन्हें अतिरिक्त राहत मिल सके। धूप भरी दोपहर में भालुओं का नज़ारा देखने लायक होता है। वे अपने हाथों से खोदे गए मिट्टी के गड्ढों में जाकर धूप सेंकते हैं और शांति से झपकी लेकर सर्द मौसम का आनंद उठाते हैं।