ताजनगरी आगरा में महिलाएं और छात्राएं शोहदों व मनचलों से परेशान हैं, उनके साथ छेड़छाड़ के साथ ही उत्पीड़न की घटनाएं बढ़ रही हैं। घर में रहें या फिर बाहर निकलें, उन्हें हर जगह परेशान करने में शोहदे पीछे नहीं हैं।
फोन करके शोहदे सबसे ज्यादा परेशान करते हैं। सार्वजनिक स्थान पर छेड़छाड़ का शिकार होती हैं। यही वजह है कि वूमेन पावर लाइन 1090 पर शिकायत दर्ज कराने में आगरा प्रदेश में आठवें नंबर पर है। यह हाल ही में जारी हुए वूमेन पावर लाइन के आंकड़ों से सामने आया है।
वूमेन पावर लाइन की ओर से प्रदेश के सभी जिलों से साल 2017 में आईं शिकायत और उनके निस्तारण का आंकड़ा जारी किया गया है, इसमें लखनऊ, कानपुर नगर, इलाहाबाद, वाराणसी, गोरखपुर, जौनपुर और सीतापुर के बाद आगरा की महिलाओं ने वूमेन पावर लाइन पर 4961 शिकायत दर्ज कराईं।
आईपीएस अमित पाठक
- फोटो : अमर उजाला
इनमें से 4772 शिकायतों का निस्तारण किया जा चुका है। 189 शिकायतों को निस्तारण होना बाकी है। प्रदेश में लखनऊ की 33529 शिकायत दर्ज होने से पहले स्थान पर रहा। वहीं 9794 शिकायत के साथ कानपुर नगर दूसरे स्थान पर रहा।
एसएसपी अमित पाठक का कहना है कि महिलाओं से होने वाले अपराध संबंधी शिकायतों की सुनवाई के लिए महिला सम्मान प्रकोष्ठ, परिवार परामर्श केंद्र, एंटी रोमियो स्क्वैड, महिला थाना, वूमेन पावर लाइन की ओर से कार्रवाई की जाती है।
थाना पुलिस को अलग से शिकायत मिलने पर त्वरित कार्रवाई के निर्देश हैं। एंटी रोमियो स्क्वैड अलग-अलग स्थानों पर जाकर शोहदों के खिलाफ कार्रवाई करता है। स्कूल कालेज में छात्राओं को जागरूक किया जा रहा है।
नजर इन लड़कों पर
सांकेतिक तस्वीर
छेड़छाड़ की शिकार छात्राओं के बाद कामकाजी महिलाएं होती हैं। आफिस से लेकर सवारी वाहनों में उनसे छेड़छाड़ की जाती है। राह चलते छेड़छाड़ की शिकायत भी होती है।
वूमेन पावर लाइन पर इस तरह की सैकड़ों शिकायतें दर्ज हुईं। पुलिस ने मुकदमा दर्ज किए और आरोपियों को कड़ी हिदायत देने के साथ शिकायत का निस्तारण किया।
प्रदेश के 11 लाख लड़कों के खिलाफ वूमेन पावर लाइन पर शिकायत दर्ज कराई गई थीं। पुलिस की नजर इन लड़कों पर है। इन लड़कों को नए साल का मैसेज करते हुए हिदायत दी गई कि वह लड़कियों के प्रति अपने व्यवहार में सुधार लाएं अन्यथा पुलिस उनकी लगातार निगरानी कर रही है।
मुकदमों का आंकड़ा
अपहरण : 482
दहेज हत्या : 75
बलात्कार : 76