फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

यूपी में असद का एनकाउंटर: सीने में गोली लगने के 15 मिनट तक फायरिंग करता रहा डकैत; यहां लगी एक बुलेट से हुआ ढेर

Tue, 11 Mar 2025 02:28 PM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, मथुरा

सार

Asad Encounter: मथुरा में छैमार गैंग का सरगना असद गोली लगने के 15 मिनट तक पुलिस पर फायरिंग करता रहा। पुलिस ने उसे आत्मसमर्पण करने की चेतावनी दी। चेतावनी सुनते ही असद और उसके साथियों ने पुलिस पर अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी है। 
विज्ञापन
UP Mathura Encounter - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

Encounter in Mathura: मथुरा के हाईवे थाना क्षेत्र में छैमार गैंग के सरगना असद के मुठभेड़ में ढेर होने के बाद सोमवार को उसके शव का पोस्टमार्टम हुआ। पुलिस की दो गोलियां लगने के बाद वह ढेर हुआ था। एक गोली सिर को तो दूसरी सीने को चीरती हुई पार निकल गई। 
विज्ञापन


पोस्टमार्टम करने वाले चिकित्सक को शव के अंदर से कोई गोली नहीं मिली। डीआईजी शैलेश कुमार पांडेय के नेतृत्व में रविवार की सुबह कृष्णा धाम में एक लाख के इनामी बदमाश को पुलिस ने ढेर कर दिया था। सोमवार को वीडियोग्राफी और दो चिकित्सकों के पैनल ने शव का पोस्टमार्टम किया। 

पोस्टमार्टम के दौरान बदमाश की मौत पुलिस की गोली लगने से तो हुई, लेकिन उसके शरीर से कोई गोली नहीं मिली। सूत्रों का कहना है कि डकैत को दो गोली लगीं थीं। 
विज्ञापन


एक गोली सिर में लगी थी तो वहीं दूसरी गोली सीने में लगी थी। दोनों गोली के शरीर से आर पार निकलने के निशान स्पष्ट पोस्टमार्टम में मिले।इसके अलावा उसके शरीर में कहीं कोई चोट का निशान नहीं था।

डीआईजी की बुलेट प्रूफ जैकेट में भी लगी एक गोली
एसपी क्राइम अवनीश कुमार ने बताया कि मुठभेड़ का नेतृत्व कर रहे डीआईजी शैलेश कुमार पांडेय बुलेट प्रूफ जैकेट पहने हुए थे। पुलिस की ओर से नौ राउंड फायरिंग हुई जबकि बदमाशों की ओर से 15 से 16 राउंड फायर हुए। 


ये भी पढ़ें - असद एनकाउंटर: मिट्टी में मिला छैमार गैंग का सरगना, मौत के बाद...इसलिए नहीं आया घर का कोई मर्द; महिलाएं ही आईं


 

बदमाशों की ओर से चलाई गई एक गोली डीआईजी शैलेश कुमार पांडेय की बुलेट प्रूफ जैकेट में जाकर लगी। यदि उन्होंने बुलेट प्रूफ जाकेट नहीं पहन रखी होती तो उनकी जान जा सकती थी। 

 

उन्होंने बताया कि रणनीति के तहत पुलिस ने पूरे मकान को घेर रखा था, लेकिन डीआईजी की जैकेट में गोली लगने के बाद पुलिस फायरिंग करते हुए मकान के अंदर घुसने लगी। इसी बीच अंधेरे का फायदा उठाकर तीन बदमाश भागने में सफल रहे।
 

गोली लगने के 15 मिनट तक फायरिंग करता रहा असद
हाईवे थाना क्षेत्र में एक लाख के इनामी को ढेर करने के लिए पहुंची टीम ने उसे पूरी तरह से घेर रखा था। पुलिस ने उसे आत्मसमर्पण करने की चेतावनी दी। चेतावनी सुनते ही असद और उसके साथियों ने पुलिस पर अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी है। 

 

एसपी क्राइम अवनीश कुमार ने बताया कि पुलिस ने जवाबी कार्रवाई की तो पहले एक गोली असद को लगी। गोली लगने के कारण वह लहूलुहान हो गया। इसके बाद भी वह 15 मिनट तक पुलिस पर लगातार फायरिंग करता रहा। 
विज्ञापन

जब दूसरी गोली उसके लगी तब जाकर उसके हाथ से हथियार छूटा। पुलिस उसे उपचार के लिए जिला अस्पताल लेकर गई, लेकिन यहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।


 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें