केंद्र सरकार ने परियोजनाओं की लागत का अध्ययन कराने के बाद राज्य सरकार को सुझाव दिया था कि अगर दोनों परियोजनाओं की डीपीआर को संशोधित कर अहमदाबाद, भोपाल और इंदौर की तर्ज पर डीपीआर तैयार कराई जाए तो लागत में कुछ कमी आ सकती है।
इसके बाद आवास एवं शहरी नियोजन विभाग ने दोनों शहरों से संबंधित मेट्रो रेल परियोजना के लिए पहले तैयार की गई डीपीआर को संशोधित कर केंद्र को भेज दिया था, जिसे मंजूरी दे दी गई है।
लखनऊ मेट्रो रेल कॉरपोरेशन के एमडी कुमार केशव ने बताया कि केंद्र सरकार के सुझाव पर परियोजना में प्रस्तावित कुछ कार्यों को ड्राप कर दिया गया है। जिससे लागत में कुछ कमी आई है। केंद्र ने संशोधित डीपीआर मंजूर भी कर दी है। संभावना है कि जल्द ही दोनों शहरों में मेट्रो रेल प्रोजेक्ट पर काम शुरू होगा।
आवास एवं शहरी नियोजन विभाग द्वारा कानपुर के संशोधित डीपीआर में 7,235 करोड़ रुपये की कमी की गई है। पहले की डीपीआर में यह लागत 18,143 करोड़ थी, जो कम होकर अब 10,908 करोड़ हो गई है।
इसी तरह आगरा मेट्रो रेल प्रोजेक्ट की लागत में भी 5519 करोड़ रुपये की कमी की गई है। पहले की डीपीआर में यह लागत 13,781 करोड़ थी। संशोधन के बाद यह लागत घटाकर 8262 करोड़ रुपये कर दी गई है।