उन्होंने बताया कि संबंधित गैंग के बदमाश जीवनी मंडी की तरफ आने की सूचना पर शनिवार सुबह सात बजे पुलिस ने कार्रवाई की। छत्ता क्षेत्र में आस्था सिटी के पास बाइक से आए बदमाशों की पुलिस से मुठभेड़ हुई। बदमाशों की बाइक गिर गई। एक ने गोली चला दी। पुलिस ने जवाबी कार्रवाई करते हुए एक को पकड़ लिया, जबकि दूसरा भाग निकला।
एसएसपी ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी हिस्ट्रीशीटर हरिओम बघेल निवासी सिरोली रोड, धनौली, मलपुरा है। वह हत्या के मामले में जेल जा चुका है। उसके पास से गोली मारने की घटना में प्रयुक्त बाइक, लूट और सुपारी की रकम के 1.80 लाख रुपये और तमंचा बरामद हुआ है।
मलपुरा का सोनू फरार हो गया
एसएसपी के मुताबिक, हरिओम बघेल ने पूछताछ में बताया कि फरार होने वाला सोनू निवासी अजीजपुर, मलपुरा है। वहीं गोलीकांड और लूट की घटनाओं को धौलपुर (राजस्थान) के कुख्यात दस्यु मुकेश ठाकुर, मोनी जाट और अजीत ठाकुर ने अंजाम दिया। पुलिस की पूछताछ में हरिओम बघेल ने बताया कि 13 फरवरी को रामा ट्रेडर्स के कर्मचारी रामचंद कुकरेजा को गोली मारी थी जबकि निशाना कमल छाबड़िया था।
हत्या की सुपारी पीपल मंडी के ही हर्ष ट्रेडर्स के मालिक सुरेश कुशवाहा और भगवती ट्रेडर्स के मालिक पप्पू कुशवाहा ने दस लाख रुपये में दी थी। हरिओम ने ही ठाकुर गैंग के साथ केनरा बैंक में लूट की थी। उसे दो लाख रुपये भी मिले थे।
व्यापारिक रंजिश में दी सुपारी
सुरेश और पप्पू भी सिरोली रोड, धनौली के रहने वाले हैं। हरिओम बघेल को जानते हैं। दोनों व्यापारियों ने व्यापारिक रंजिश में हत्या की सुपारी दी। उन्होंने पुलिस को बताया कि वर्ष 2015 में कमल छाबड़िया ने उनके खिलाफ धोखाधड़ी और कॉपीराइट एक्ट का मुकदमा लिखाया था। दोनों को जेल जाना पड़ा था।
सात जनवरी को दोनों की दुकानों से सैंपल भरने की कार्रवाई भी कमल छाबड़िया ने कराई थी। कमल सपा नेता रहा है। वह उनको परेशान कर रहा था। इसलिए उसकी सुपारी दी थी। आठ लाख रुपये पहले ही दे दिए थे। दो लाख रुपये बाद में देने थे। बदमाश नशे में थे। कमल नहीं मिला तो डर दिखाने के लिए कर्मचारी को गोली मारकर चले गए थे।
मुकेश ठाकुर को दे रहा था पनाह
एसएसपी ने बताया कि हरिओम बघेल पेशेवर है। वह मलपुरा के गांव बमरौली अहीर के बदमाश लाखन यादव का साथी था। लाखन से ठनी तो बंटी यादव के साथ रहने लगा। वर्ष 2012 में खेरिया मोड़ पर हत्या में हरिओम बघेल को जेल भी भेजा गया था। हरिओम बघेल के खिलाफ थाना सदर में भी हत्या का मुकदमा दर्ज है।
जेल में उसकी मुलाकात धौलपुर के जारगा निवासी मुकेश ठाकुर से हुई। जेल से रिहाई के बाद मुकेश उसके पास मिलने आने लगा। मुकेश के लिए हरिओम ने कई घटनाओं को अंजाम दिया। उसके खिलाफ थाना मलपुरा, हरीपर्वत, इटावा के थाना सिविल लाइंस में भी मुकदमे दर्ज हैं। वह थाना मलपुरा का हिस्ट्रीशीटर भी है।