खरखौदा। नगर पालिका (नपा) प्रशासन ने पर्यावरण संरक्षण के तहत पाॅलिथीन के इस्तेमाल पर सख्त रुख अपनाते हुए बड़ी कार्रवाई की। नपा सचिव पंकज जून के नेतृत्व में बनी टीम ने बाजार में छापा डाला और पांच दुकानों पर प्रतिबंधित पॉलिथीन रखने पर चालान काटे। इस कार्रवाई में 250 किलोग्राम से ज्यादा पाॅलिथीन बरामद की गई और 4.25 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया।
नगरपालिका की तरफ से कुछ दिन पहले ही शहरवासियों को चेताया था कि वह पहले शहर में फैली पाॅलिथीन की थैलियों को अपने स्तर पर साफ करेंगे, इसके बाद पाॅलिथीन रखने पर कार्रवाई की जाएगी। नपा टीम ने पहले दुकानदारों को पाॅलिथीन का इस्तेमाल बंद करने की चेतावनी दी थी। इसके बावजूद जब पाॅलिथीन का इस्तेमाल जारी रहा, तो यह सख्त कदम उठाया गया। छापेमारी के दौरान दुकानों में बड़ी मात्रा में प्रतिबंधित पाॅलिथीन की थैलियां पाई गईं। नपा सचिव पंकज जून ने कहा कि पहले दुकानदारों को प्रतिबंधित पाॅलिथीन हटाने और वैकल्पिक उपाय अपनाने के निर्देश दिए थे। इसके बावजूद नियम तोड़े गए, इसलिए अब कार्रवाई की जा रही है। प्रदूषण फैलाने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। इस दौरान नपा की टीम ने पांच दुकानों पर छापे डाले, जिसमें 250 किलो से ज्यादा पाॅलिथीन की थैलियां बरामद हुई। इस दौरान चार दुकानदारों पर एक-एक लाख रुपये जुर्माना जबकि एक पर 25 हजार रुपये जुर्माना लगाया गया है। नपा सचिव ने स्पष्ट किया कि यह अभियान यहीं खत्म नहीं होगा। भविष्य में भी ऐसे छापे जारी रहेंगे।
प्रतिबंधित पॉलिथीन का उपयोग रोकने को उठाने होंगे कदम
-लोगों को पॉलिथीन का उपयोग करने के लिए उसके दुष्परिणाम भी बताने होंगे।
-सब्जी, फल बेचने वालों को कपड़े की थैली का उपयोग करने के लिए प्रोत्साहित करना होगा। लोगों को बताना होगा कि जब भी घर से बाजार निकलें कपड़ा या जूट बैग साथ लेकर अवश्य जाएं।
-दुकानदार पॉलिथीन में सामान दे रहा है तो विरोध करें और उसे पॉलिथीन प्रयोग न करने की सलाह दें।
-न खुद और न ही दूसरों को प्लास्टिक बैग का उपयोग करने दें।
-अपने बच्चों को भी प्लास्टिक बैग के नुकसान के बारे में बताएं।
-दुकानदार ग्राहकों से कपड़े या पेपर बैग लाने की लिए कहें।
सजा का भी है प्रावधान
पर्यावरण संरक्षण अधिनियम 1986 की धारा-19 के तहत पॉलिथीन का प्रयोग करने, निर्माण करने अथवा भंडारण करने की पुष्टि होने पर ऐसे लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का प्रावधान है। सजा के साथ एक साल तक के जुर्माना भी लगाया जा सकता है।