मैनपुरी। क्लबफुट को खत्म करने के लिए शासन की पहल जारी है। जिला अस्पताल में चल रहे क्लबफुट क्लीनिक में हर बृहस्पतिवार को बच्चों को उपचार दिया जा रहा है। 22 बच्चों को क्लबफुट की चिकित्सा का उपचार दिया गया। सीएमएस डॉ. मदनलाल ने कार्यक्रम का उद्घाटन किया।
जिला अस्पताल में आर्थोपेडिक डॉ. आरके शुक्ला, डॉ. नवीन माहोर, डॉ. आदर्श सेंगर और अनुष्का फाउंडेशन के मास्टर ट्रेनर डॉ. विष्णु मल्होत्रा उपचार दिया। सीएमएस ने बताया कि क्लबफुट जन्मजात विकृति है जो भारत में 800 नवजात शिशुओं में से एक को प्रभावित करता है। समुचित उपचार से क्लबफुट से पूरी तरह छुटकारा संभव है। क्लबफुट को खत्म करने के लिए अनुष्का फाउंडेशन ने उत्तर प्रदेश राज्य सरकार के साथ साझेदारी की।
डॉ. आरके शुक्ला ने बताया कि क्लबफुट उपचार की पोंसेटी पद्धति में आर्थोपेडिक डॉक्टरों और कास्टिंग तकनीशियनों के लिए आयोजित चिकित्सा प्रशिक्षण है। इसमें प्रथम चरण में कास्टिंग दूसरे चरण में टेनोटॉमी और तीसरे चरण में बच्चों को पांच साल तक जूते और बार दिए जाते है। बृहस्पतिवार को अस्पताल में प्रथम चरण की चिकित्सा के दौरान 22 बच्चों को उपचार दिया गया।
इस दौरान एसीएमओ संजीव राव, अनुष्का फाउंडेशन के ब्रांच मैनेजर विशाल सक्सेना, नन्हें लाल शर्मा, फार्मासिस्ट शिव मंगल सिंह, ओटी टेक्नीयियन विनोद कुमार, सिस्टर मनोरमा और अनिल मिश्रा मौजूद रहे।