कासगंज। जिला पंचायत राज विभाग की कार्यशैली को लेकर तमाम ग्राम प्रधान परेशान हैं। दो ग्राम पंचायतों के प्रधान पिछले एक वर्ष से निर्मित शौचालयों का भुगतान न मिलने पर विधायक के आवास पर पहुंचकर आत्मदाह की चेतावनी दी। इस पर विधायक प्रधानों को लेकर कलक्ट्रेट पहुंचे और डीएम व सीडीओ को पूरे मामले की जानकारी दी। जिलाधिकारी के निर्देश पर सीडीओ ने मामले की जांच कर भुगतान के निर्देश दिए हैं। भुगतान लंबित रहने पर विधायक ने जिला पंचायत राज विभाग पर नाराजगी जाहिर की है।
पिछले वित्तीय वर्ष में कासगंज विकासक्षेत्र की ग्राम पंचायत मुबारिकपुर सिकतरा में 29 शौचालयों का निर्माण ग्राम पंचायत ने कराया। इसी तरह इसी विकासक्षेत्र की ग्राम पंचायत बढ़ारी वैश्य में 44 शौचालयों का निर्माण कराया गया। ग्राम पंचायतों की ओर से कराए गए शौचालयों के निर्माण का भुगतान पंचायती राज विभाग ने नहीं किया।
मुबारिकपुर सिकतरा में शौचालय निर्माण की सिर्फ एक किश्त भेजी गई, जबकि बढ़ारी वैश्य में एक भी किश्त नहीं दी गई। प्रधानों ने बार-बार भुगतान की मांग के बावजूद भी पंचायती राज विभाग लापरवाह बना रहा। इस मामले में डीएम के निर्देश पर सीडीओ ने सदर विधायक देवेंद्र राजपूत एवं ग्राम प्रधानों के साथ प्रकरण पर बात की।
इस वार्ता के दौरान सदर विधायक देवेंद्र राजपूत ने पंचायती राज विभाग पर मनमानी करने और प्रधानों का शोषण करने का आरोप लगाया। सीडीओ तेज प्रताप मिश्र ने जिला पंचायत राज अधिकारी को भुगतान करने के संबंध में निर्देश दिए।
- ग्राम पंचायतों ने जब शौचालयों का निर्माण कराया था उसी दौरान शासन से आदेश आया कि धनराशि सीधे लाभार्थी के खाते में जाएगी, लेकिन तब तक दोनों ही पंचायतों में शौचालयों के निर्माण हो चुके थे। जिलाधिकारी के निर्देश पर शौचालय निर्माण की एवज दोनों ग्राम पंचायतों की जांच करवाकर जल्द भुगतान कराने के निर्देश दिए हैं। - तेज प्रताप मिश्र, सीडीओ।
- पंचायत राज विभाग की मनमानी से मुबारिकपुर सिकतरा और बढ़ारी वैश्य ग्राम पंचायत के प्रधानों को निर्मित शौचालय के धन का भुगतान नहीं किया जा रहा। प्रधानों ने आत्मदाह की चेतावनी दी। मामले को गंभीरता से लेकर सीडीओ के सामने समाधान कराया है। अब जल्द भुगतान हो जाएगा। - देवेंद्र राजपूत, सदर विधायक।