थाना बिछवां क्षेत्र में 25 साल पहले एक युवक की लाठियों से पीट- पीट कर हत्या करने वाले गांव के ही दो सगे भाइयों सहित तीन को अपर जिला जज प्रथम मुनव्वर जहां ने दोषी पाया है। उनको हिरासत में लेकर जेल भेजा गया है। सजा सुनाने के लिए चार मार्च की तारीख तय कर दी है।
जिला एटा के अलीगंज निवासी धनसिंह 30 अप्रैल 1998 को एक दावत में शामिल होने के लिए थाना बिछवां के गांव जगतपुर में गए थे। शाम 5.30 बजे दावत से लौटते समय धनसिंह के गांव के ही कमल सिंह ने अपने भाई श्रीकृष्ण, छोटेसिंह, चचेरे भाई पिंकू सिंह के साथ लाठियों से पीट पीटकर धनसिंह की हत्या कर दी। धनसिंह के भाई रन सिंह ने चारों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस ने जांच करके चारों के खिलाफ चार्जशीट कोर्ट में भेज दी।
मुकदमे की सुनवाई अपर जिला जज प्रथम मुनव्वर जहां की कोर्ट में हुई। अभियोजन पक्ष की ओर से वादी, विवेचक, चिकित्सक, किशोरी सहित गवाहों ने कोर्ट में गवाही दी। गवाही तथा एडीजीसी पुष्पेंद्र दुबे, विपिन चतुर्वेदी की दलीलों के आधार पर श्रीकृष्ण, छोटेसिंह, पिंकू सिंह को धनसिंह की गैर इरादतन हत्या करने का दोषी पाया गया। तीनों को हिरासत में लेकर जेल भेजा गया है। सजा सुनाने के लिए चार मार्च की तारीख तय कर दी गई है।
मुकदमे के दौरान एक की हुई मौत
धनसिंह की हत्या करने के आरोपी कमल सिंह के खिलाफ भी पुलिस ने चार्जशीट भेजी। मुकदमे की सुनवाई के दौरान कमल सिंह की मौत हो गई। कमल सिंह की मौत के बाद उसके खिलाफ मुकदमे की सुनवाई बंद कर दी गई। शेष तीनों के खिलाफ ही मुकदमे की सुनवाई की गई।