आगरा के खेरिया एयरपोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी भरा ईमेल संयुक्त राज्य अमेरिका (यूएसए) के आईपी एड्रेस से भेजा गया था। पुलिस का कहना है कि ई-मेल भेजने के लिए वर्चुअल प्राक्सी नेटवर्क (वीपीएन) का इस्तेमाल किया गया। इसके पीछे अपनी पहचान छिपाना है। आशंका है कि ई-मेल अपने ही देश से किया गया हो। इसके लिए नेटवर्क प्रदाता कंपनी से भी जानकारी मांगी जा रही है, जिससे धमकी देने वाले को पकड़ा जा सके।
इंडिगो के मैनेजर देवराज पांडे की ईमेल आईडी पर सोमवार दोपहर 11:56 बजे ईमेल आया था। ईमेल भेजने वाले ने विषय में फलस्तीन फ्री लिखा था। कहा था कि शौचालय में काले रंग का बैग रखा है, जिसमें बम रखा हुआ है। इस पर सीआईएसएफ और पुलिस ने जांच की थी। एयरपोर्ट परिसर में छानबीन की थी लेकिन कुछ नहीं मिला था। डीसीपी सिटी सूरज राय ने बताया कि जिस आईडी का इस्तेमाल धमकी भरा ई-मेल करने के लिए किया गया, उसकी जांच की गई। प्राथमिक जांच में पता चला कि वह यूएस से भेजा गया है। इसके लिए वीपीएन का इस्तेमाल किया गया।
ई-मेल भेजने वाले की तलाश
अब पुलिस वीपीएन की मदद से ई-मेल भेजने वाले की तलाश कर रही है। खेरिया एयरपोर्ट को उड़ाने की धमकी का ईमेल दो महीने पहले भी भेजा गया था। उसका भी आईपी एड्रेस हांगकांग का निकला था। अब पुलिस दोनों ही ईमेल के बारे में जानकारी जुटा रही है।
ताजमहल पर धमकी के मामले में बेसुराग पुलिस
ताजमहल को भी बम से उड़ाने की धमकी दी गई थी। इस मामले में थाना ताजगंज में मुकदमा दर्ज कराया गया था। इसमें भी ईमेल भेजा गया था। पुलिस टीम को पड़ताल में लगाया गया था। लेकिन एक सप्ताह बाद भी पुलिस खाली हाथ है। ईमेल कहां से और किसने भेजा यह तक पता नहीं चल सका है। एसीपी ताज सुरक्षा सैय्यद अरीब अहमद ने बताया कि आईपी एड्रेस पता किया जा रहा है। साइबर सेल की भी मदद ली जा रही है।