चालक से पूछा कि यह पोल खोलकर क्यों ले जा रहे हो? इस पर उनमें से एक ने बताया कि एडीए के ठेकेदार ने कहा है। पोल खोलकर लगाए जाएंगे। मगर, नितिन को विश्वास नहीं हुआ। उन्होंने लोडर की चाबी निकाल ली और ठेकेदार को बुलाने की कहने लगे। यह देखकर लोडर से उतरकर तीन लोग भाग गए, जबकि एक पकड़ा गया।
112 पर किया कॉल
नितिन ने बताया कि उन्होंने एक को पकड़ने के बाद पुलिस कंट्रोल रूम नंबर पर कॉल किया। कुछ ही देर में पुलिस पहुंच गई। लोडर को कब्जे और संदिग्ध को हिरासत में ले लिया। एसपी सिटी विकास कुमार ने बताया कि पोल खोलकर चोरी करने का मामला सामने आया है। चोरों की तलाश की जा रही है। कुछ पोल लोडर टेंपो में बरामद हुए हैं।
रोशनी के साथ खूबसूरत लगता है रास्ता
माल रोड और फतेहाबाद रोड पर कई स्थान पर स्मार्ट सिटी योजना के तहत पोल लगाकर सुंदर लाइट लगाई गई हैं। इनसे रोशनी के साथ नजारा भी बदल जाता है। इन पोल की कीमत अधिक रहती है। इन पोल को गला दिया जाता है। इस कारण ही चोरों के निशाने पर हैं। चोर कबाड़ियों को बेचते हैं। विकास प्राधिकरण ने पोल लगाने के लिए टेंडर निकाले थे। यह यमुना किनारा मार्ग, ताज के पूर्वी और पश्चिमी गेट पर भी लगे हैं।
योजना बनाकर करते हैं चोरी
पुलिस की पड़ताल में पता चला है कि गैंग चोरी के लिए पूरी योजना बनाते हैं। वो सीसीटीवी कैमरे लगे स्थान के पोलों को नहीं चुराते हैं। बीच रास्ते में लगे ही पोल उखाड़ते थे। कई बार चौराहों पर पुलिस भी रहती है। इस कारण चौराहों पर नहीं जाते हैं। रात एक बजे से तड़के चार बजे तक चोरी करते हैं।
पहले भी पकड़ा गया गैंग
सदर में यह पहला मामला नहीं है। सितंबर 2021 में चोरों का गैंग पकड़ा गया था। तीन चोर रात में रेकी करते थे। तड़के चार से पांच बजे के बीच स्ट्रीट लाइट चोरी कर लेते थे। इसके बाद लाइट को कबाड़ियों को बेच देते थे। आरोपी में पुरानी मंडी के सनी, बिहारी और विनोद थे। उन्हें जेल भेजा गया था।