विहिप नेता अरुण माहौर हत्याकांड के विरोध में 18 मार्च को होने वाले कलेक्ट्रेट के महाघेराव की व्यूहरचना तैयार कर ली गई है। दलित गर्जना मोर्चा के बैनर तले इस प्रदर्शन में ग्रामीण क्षेत्रों के लोग भी शामिल होंगे। सुभाष पार्क स्थित सरस्वती शिशु मंदिर से एमजी रोड पर जुलूस निकालकर जाम लगाया जाएगा। इस प्रदर्शन में भी चेहरे तो भाजपा के ही आगे रहेंगे।
बता दें कि विहिप नेता अरुण माहौर हत्याकांड के विरोध में कलेक्ट्रेट के महाघेराव की तैयारी है। इस संबंध में गुरुवार को मदिया कटरा स्थित होटल वैभव पैलेस में आयोजित प्रेसवार्ता में दलित गर्जना न्याय मोर्चा के संयोजक अशोक कोटिया ने बताया कि प्रदर्शन के लिए मंडल और वार्ड स्तर पर बैठकें शुरू कर दी गई हैं। प्रदर्शन में कम से कम 20 हजार लोग शामिल होंगे। आरएसएस के प्रांत प्रचार प्रमुख अशोक कुलश्रेष्ठ ने बताया कि प्रदर्शन में 10 हजार लोग शहर और इतने ही ग्रामीण क्षेत्रों से आएंगे। भाजपा के वरिष्ठ नेता नवीन जैन के अनुसार, प्रदर्शन में भाजपा, विहिप, बजरंग दल, आरएसएस के लोगों के अलावा गोभक्त भी शामिल होंगे।
विहिप के प्रांतीय उपाध्यक्ष सुनील पाराशर ने बताया कि महाघेराव में बस्तियों से भी बड़ी संख्या में महिलाएं आएंगी। पूर्वाह्न 11 बजे सांसद और विधायकों के साथ सरस्वती शिशु मंदिर से जुलूस शुरू होगा। इस दौरान भाजपा जिलाध्यक्ष अशोक राना, अनिल चौधरी, कमल वाल्मीकि, विजय माहौर, दीपक खरे, सुमित उपाध्याय, प्रमेंद्र जैन आदि मौजूद थे।
अनुमति देने के मूड में नहीं प्रशासन
इस प्रदर्शन के लिए प्रशासन से अनुमति मांगी गई है। एडीएम सिटी के यहां प्रार्थना पत्र रिसीव करा दिया गया है, लेकिन गुरुवार शाम तक अनुमति नहीं दी है। इस अनुमति में जुलूस और प्रदर्शन दोनों की अनुमति मांगी गई है। पुलिस और प्रशासन के सूत्रों का कहना है कि अनुमति देने का अधिकारियों का मूड नहीं है। अनुमति देनी भी पड़ी तो पहले भाजपा नेताओं से शपथ पत्र लिया जाएगा कि प्रदर्शन शांति के साथ किया जाएगा।
पुलिस के खिलाफ विहिप नेताओं में गुस्सा
भड़काऊ भाषण मामले में आरोपी विहिप के जिला मंत्री अशोक लवानिया के परिजनों को पुलिस द्वारा धमकाए जाने का परिषद के नेताआें ने कड़ा विरोध किया है। उन्होंने कहा है कि अशोक लवानिया फरार नहीं हैं, पुलिस उन्हें गिरफ्तार करे, लेकिन परिजनों को परेशान न करे।
विहिप के प्रांत उपाध्यक्ष सुनील पाराशर के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल गुरुवार को अशोक लवानिया के परिजनों से मिला। उन्हें भरोसा दिलाया कि विहिप कार्यकर्ता हर वक्त उनके साथ हैं। बता दें, इस पर अशोक लवानिया की पत्नी ने पुलिस पर आरोप लगाया था कि पुलिस लगातार दबिश दे रही है। इस दौरान पुलिसकर्मी उन्हें परेशान करते हैं। इस पर उन्होंने आत्मदाह की चेतावनी दी थी। इसके बाद विहिप नेता अशोक के परिजनों से मिले थे। इस दौरान प्रांत मीडिया प्रभारी प्रमेंद्र जैन, रवि दुबे, राकेश त्यागी, बंटी ठाकुर, लव सिंह आदि मौजूद थे।