मुआवजा वितरण, बिजली कटौती और सड़क निर्माण को लेकर पूर्व घोषित कार्यक्रम के तहत किसानों ने थाने का घेराव कर गिरफ्तारी दी। किसानों में इस बात को लेकर आक्रोश था कि उपजिलाधिकारी प्रदर्शन के दौरान न तो अनशनकारियों से वार्ता करने आए और न ज्ञापन लेने।
बता दें कि किसानों को बर्बाद फसल का मुआवजा दिलाने, शमसाबाद-फतेहाबाद मार्ग का निर्माण करने, जारौली से शादी के नगला रोड का 300 मीटर निर्माण कराने और बिजली कटौती बंद करने को लेकर किसान सभा के बैनर तले किसान कस्बा में गांधी चौराहे पर 22 से 26 जून तक धरने पर बैठे। इस दौरान किसी भी प्रशासनिक अधिकारी ने अनशनकारियों से वार्ता करना उचित नहीं समझा। इस पर गुस्साए किसान जुलूस के रूप में गांधी चौराहे से थाना शमसाबाद पहुंचे और थाने का घेराव करते हुए गिरफ्तारी दी। पुलिस ने एक घंटे बाद उन्हें रिहा कर दिया। किसानों ने नायब तहसीलदार को उपजिलाधिकारी के नाम से ज्ञापन दिया। चेतावनी दी कि अगर 25 जुलाई तक सुनवाई नहीं हुई तो जुलाई के अंत में उग्र आंदोलन किया जाएगा। गिरफ्तारी देने वालों में किसान सभा के प्रदेशीय संयुक्त मंत्री भारत सिंह, जिलाध्यक्ष श्रीलाल तोमर, प्रमोद धाकरे, सुरेश चंद, अवतार सिंह, ताराचन्द, देवी सिंह, शिवदयाल गुप्ता, बच्चू सिंह चौहान आदि मौजूद रहे।